KKN अल्फाज हास्य और व्यंग्य पर आधारित कार्यक्रम है, जिसका मकसद सिर्फ और सिर्फ मनोरंजन है। कार्यक्रम में कुछ लोगो का नाम भी लिया गया है जो केवल मनोरंजन के लिए है। इस कार्यक्रम का मकसद किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं हैं। कार्यक्रम में दिखाया गया व्यंग्य इसमे हिस्सा ले रहे एंकर की निजी राय है ।
KKN Alfaaz me hamare poets desh ke present situation ke bare me apne written lines ko padhte hai aur chuki abhi chunav ka mahaul hai issliye hamara aaj ka episode completely chunav par based hai aur isme inn kaviyo ne rahul gandhi aur narendra modi par vyangya karne kee kosis kee hai agaar aapko pasand aaye toh share jaroor kijiyega.
KKN अल्फाज हास्य और व्यंग्य पर आधारित कार्यक्रम है, जिसका मकसद सिर्फ और सिर्फ मनोरंजन है। कार्यक्रम में कुछ लोगो का नाम भी लिया गया है जो केवल मनोरंजन के लिए है। इस कार्यक्रम का मकसद किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं हैं। कार्यक्रम में दिखाया गया व्यंग्य इसमे हिस्सा ले रहे एंकर की निजी राय है ।
KKN अल्फाज हास्य और व्यंग्य पर आधारित कार्यक्रम है, जिसका मकसद सिर्फ और सिर्फ मनोरंजन है। कार्यक्रम में कुछ लोगो का नाम भी लिया गया है जो केवल मनोरंजन के लिए है। इस कार्यक्रम का मकसद किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं हैं। कार्यक्रम में दिखाया गया व्यंग्य इसमे हिस्सा ले रहे एंकर की निजी राय है ।
Some Pointing Lines :
* Bihar me Yuvao ke Berojgari par Kuchh Lines
* Likhna usse padhna aadat hai meri
* Aaj jo jaldi soya hai, kalh ussi ne roya hai
* Mahagathbandhan ke neta ne bhee, unhe apne ghar bulaya hai
* Pakistan jaise desh ko koi bachane na aayega, China bhee
mushkil chhano me keval mushkurayega
KKN अल्फाज हास्य और व्यंग्य पर आधारित कार्यक्रम है, जिसका मकसद सिर्फ और सिर्फ मनोरंजन है। कार्यक्रम में कुछ लोगो का नाम भी लिया गया है जो केवल मनोरंजन के लिए है। इस कार्यक्रम का मकसद किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं हैं। कार्यक्रम में दिखाया गया व्यंग्य इसमे हिस्सा ले रहे एंकर की निजी राय है ।
KKN अल्फाज हास्य और व्यंग्य पर आधारित कार्यक्रम है, जिसका मकसद सिर्फ और सिर्फ मनोरंजन है। कार्यक्रम में कुछ लोगो का नाम भी लिया गया है जो केवल मनोरंजन के लिए है। इस कार्यक्रम का मकसद किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं हैं। कार्यक्रम में दिखाया गया व्यंग्य इसमे हिस्सा ले रहे एंकर की निजी राय है ।