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Independence Day 2025 : दिल्ली बनी किले जैसी सुरक्षा व्यवस्था, लाल किला और आसपास चौकसी

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स्वतंत्रता दिवस 2025 को देखते हुए राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतज़ाम किए गए हैं। दिल्ली पुलिस के अनुसार 10,000 से अधिक जवानों के साथ 3,000 ट्रैफिक पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। सुरक्षा बलों को आधुनिक तकनीक से लैस किया गया है, ताकि विस्फोटक या संदिग्ध वस्तुओं का तुरंत पता लगाया जा सके।

यह सभी तैयारियां 15 अगस्त को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के Red Fort से राष्ट्र को संबोधित करने से पहले पूरी की जा रही हैं।

लाल किले पर बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था

सूत्रों ने बताया कि लाल किले की ऐतिहासिक प्राचीर पर इस वर्ष बहुस्तरीय सुरक्षा घेरे होंगे। हर प्रवेश और निकास बिंदु पर कड़ी जांच होगी। बैरिकेडिंग, एक्सेस कंट्रोल और स्कैनिंग पॉइंट्स लगाए जाएंगे।

इस मौके पर केवल निमंत्रण पत्र धारकों को प्रवेश मिलेगा, जबकि लेबल लगे वाहनों को ही आसपास जाने की अनुमति होगी।

चेहरे की पहचान और सीसीटीवी निगरानी

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि इस बार Independence Day Security में तकनीक की बड़ी भूमिका होगी। जगह-जगह सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जो चेहरे की पहचान तकनीक से जुड़े होंगे। इससे संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान रियल-टाइम में हो सकेगी।

ये कैमरे केंद्रीय निगरानी केंद्र से जुड़े होंगे, जिससे किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई संभव होगी।

ड्रोन डिटेक्शन और घुसपैठ रोधी कैमरे

दिल्ली पुलिस ने ड्रोन डिटेक्शन सिस्टम तैनात किए हैं, जो किसी भी अनधिकृत हवाई वस्तु को पकड़ सकेंगे। प्रतिबंधित क्षेत्रों में घुसपैठ रोकने वाले कैमरे लगातार निगरानी करेंगे।

अगर कोई संदिग्ध ड्रोन या उड़ने वाली वस्तु दिखाई देगी तो सुरक्षा दल तुरंत सक्रिय हो जाएगा।

पहली बार लाल किले पर UVSS तैनाती

इस बार पहली बार लाल किले के पांच पार्किंग क्षेत्रों में Under-Vehicle Surveillance System (UVSS) लगाया जाएगा। यह सिस्टम वाहनों के नीचे छिपे विस्फोटक, हथियार या प्रतिबंधित वस्तुओं की पहचान करेगा।

इससे वाहन आधारित खतरे का पता लगाने की क्षमता काफी बढ़ जाएगी।

भीड़ पर नजर रखने के लिए हेडकाउंट कैमरे

भीड़ के आकार और मूवमेंट पर निगरानी रखने के लिए हेडकाउंट कैमरे लगाए जाएंगे। किसी भी जगह पर असामान्य भीड़ या संदिग्ध वस्तु पाए जाने पर अलर्ट जारी होगा।

प्रतिबंधित क्षेत्रों में नियंत्रित आवाजाही

दिल्ली पुलिस आयुक्त एसबीके सिंह ने सभी वरिष्ठ अधिकारियों को अपने क्षेत्रों में कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। जिन क्षेत्रों को प्रतिबंधित घोषित किया गया है वहां आम लोगों की आवाजाही सीमित होगी।

स्थानीय थानों और विशेष सुरक्षा इकाइयों के बीच लगातार समन्वय बनाया जाएगा।

स्नाइपर और रूफटॉप सर्विलांस टीम

लाल किले के आसपास ऊंची इमारतों पर स्नाइपर तैनात होंगे। छतों से निगरानी करने वाली विशेष टीम पूरे कार्यक्रम के दौरान सक्रिय रहेगी।

ये टीमें ग्राउंड फोर्स के साथ निरंतर संपर्क में रहेंगी।

सादे कपड़ों में जवान और पैदल गश्त

संवेदनशील क्षेत्रों में सादे कपड़ों में जवान तैनात होंगे, जो भीड़ में घुल-मिलकर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखेंगे।

रात्रि गश्त और पैदल निगरानी बढ़ाई गई है। स्वतंत्रता दिवस से पहले कई सुरक्षा अभ्यास पूरे किए जा चुके हैं।

साइबर और सोशल मीडिया मॉनिटरिंग

दिल्ली पुलिस की साइबर इकाइयां सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर कड़ी नजर रख रही हैं। किसी भी अफवाह, भड़काऊ पोस्ट या अवैध गतिविधि का पता लगाकर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।

खुफिया एजेंसियों के साथ समन्वय

खुफिया एजेंसियों के साथ मिलकर एंटी-सबोटाज चेक लगातार हो रहे हैं। हाई-सिक्योरिटी इलाकों में आने वाले वाहनों और लोगों का सत्यापन तेज किया गया है।

बैरिकेडिंग और सुरक्षा जांच को और सख्त किया गया है।

हवाई उपकरणों पर पाबंदी

आयुक्त सिंह ने आदेश जारी किया है कि 2 अगस्त से 16 अगस्त तक दिल्ली में पैराग्लाइडर, हैंग-ग्लाइडर, UAV, ड्रोन, हॉट एयर बैलून और अन्य रिमोट-ऑपरेटेड हवाई उपकरण उड़ाने पर पूरी तरह पाबंदी रहेगी।

ट्रैफिक पर विशेष नियंत्रण

दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने traffic restrictions लागू करते हुए घोषणा की है कि 14 अगस्त रात 10 बजे के बाद से व्यावसायिक वाहनों का प्रवेश निषिद्ध रहेगा।

सिर्फ सरकारी और इमरजेंसी सेवाओं के वाहनों को अनुमति होगी।

बड़े पैमाने पर सुरक्षा बलों की तैनाती

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि स्वतंत्रता दिवस पर 10,000 से अधिक सुरक्षाकर्मी, जिनमें अर्धसैनिक बल और विशेष कमांडो शामिल हैं, राजधानी में तैनात होंगे।

इनके साथ 3,000 ट्रैफिक पुलिसकर्मी भी ड्यूटी पर रहेंगे।

स्वतंत्रता दिवस 2025 के लिए दिल्ली एक सुरक्षा किले में तब्दील हो चुकी है। उन्नत तकनीक, सघन निगरानी और बड़े पैमाने पर तैनाती के साथ यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि लाल किले से होने वाले समारोह सुरक्षित और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हों।

सुरक्षा बलों की यह तैयारियां न केवल प्रधानमंत्री और गणमान्य व्यक्तियों की सुरक्षा के लिए हैं, बल्कि दिल्लीवासियों और पूरे देश के लिए एक सुरक्षित और गौरवमय Independence Day सुनिश्चित करने के लिए भी हैं।

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