मंगलवार, अप्रैल 21, 2026 10:21 अपराह्न IST
होमBiharशाही लीची की खास खेप राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के लिए तैयार, मुजफ्फरपुर...

शाही लीची की खास खेप राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के लिए तैयार, मुजफ्फरपुर से 4 टन लीची एसी वैन से होगी रवाना

Published on

KKN गुरुग्राम डेस्क | बिहार की विश्वप्रसिद्ध शाही लीची एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीराष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, और अन्य गणमान्य व्यक्तियों के लिए भेजी जा रही है। इस बार कुल 4 टन लीची को खास तरीके से पैक कर 31 मई 2025 को एयर कंडीशंड (AC) वैन से दिल्ली रवाना किया जाएगा। यह लीची 1 जून की रात तक बिहार भवन, दिल्ली पहुंचेगी, और 2 जून को राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री व अन्य नेताओं को वितरित की जाएगी।

2000 पैकेट होंगे तैयार, हर पैकेट में 2 किलो शाही लीची

प्रोसेसिंग यूनिट के संचालक आलोक केडिया ने बताया कि इस बार भी जिला प्रशासन ने उच्च गुणवत्ता वाली शाही लीची की पैकिंग का आदेश दिया है। कुल 2000 पैकेट तैयार किए जा रहे हैं, जिनमें प्रत्येक में 2 किलो लीची होगी।

“मौसम ने साथ नहीं दिया, इस कारण एक हफ्ते की देरी हुई है। लेकिन क्वालिटी से कोई समझौता नहीं होगा,” — आलोक केडिया, प्रोसेसिंग यूनिट संचालक

31 मई को हरी झंडी दिखाकर रवाना होगी एसी वैन

हर साल की तरह इस बार भी जिला प्रशासन के अधिकारी लीची वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। इस परंपरा को कृषि गौरव के प्रतीक के रूप में देखा जाता है। दिल्ली पहुंचने के बाद, यह लीची राष्ट्रपति भवन, प्रधानमंत्री कार्यालय और अन्य मंत्रियों तक पहुंचाई जाएगी।

मौसम बना विलंब का कारण, मिठास में देरी

इस साल मौसम ने लीची उत्पादकों को निराश किया है। बार-बार हो रही बारिश और धूप की कमी के कारण शाही लीची में अपेक्षित मिठास आने में 10 दिन की देरी हुई है।

लीची अनुसंधान केंद्र के वैज्ञानिकों की राय:

डॉ. अंकित कुमार, राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केंद्र, मुशहरी के वरिष्ठ वैज्ञानिक ने कहा:

“20 मई तक लीची में पूरी मिठास आ जानी चाहिए थी, लेकिन इस बार तापमान सामान्य से कम रहा और लगातार बारिश होती रही। इससे शर्करा स्तर में कमी देखी गई है।”

हालांकि, कुछ किस्मों में अब पूरी मिठास आ चुकी है और कुछ में दो-तीन दिन में आने की संभावना है।

बाजार में बंगाल और बिहार की लीची में मुकाबला

वर्तमान समय में भारत के महानगरों की मंडियों में बंगाल की चाइना लीची और बिहार की शाही लीची के बीच मुकाबला देखने को मिल रहा है। दोनों ही राज्यों की लीची अलग स्वाद और गुणवत्ता के लिए जानी जाती हैं।

शाही लीची बनाम चाइना लीची:

विशेषता शाही लीची (बिहार) चाइना लीची (बंगाल)
स्वाद गाढ़ा, मीठा और सुगंधित हल्का मीठा
उपस्थिति गुलाबी छिलका, मोटा गूदा पतला छिलका, बड़ा बीज
बिक्री क्षेत्र प्रीमियम गिफ्टिंग सामान्य खुदरा बाजार
पहचान GI टैग प्राप्त नहीं

GI टैग वाली शाही लीची की राष्ट्रीय पहचान

शाही लीची को GI (Geographical Indication) टैग मिला हुआ है, जो इसे बिहार की विशिष्ट पहचान बनाता है। यह न केवल स्वाद में बेहतरीन है, बल्कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय ब्रांडिंग में भी मदद करता है।

  • कृषि आय का बड़ा स्रोत

  • हर साल 60,000 हेक्टेयर में होती है खेती

  • 3 लाख मीट्रिक टन से ज्यादा उत्पादन

जलवायु परिवर्तन से लिची पर खतरा

विशेषज्ञों का मानना है कि अगर जलवायु असंतुलन ऐसे ही बना रहा, तो भविष्य में लीची की गुणवत्ता और मात्रा दोनों पर प्रभाव पड़ेगा।

आवश्यक समाधान:

  • स्मार्ट सिंचाई प्रणाली

  • जल प्रबंधन और कीट नियंत्रण

  • तापमान और नमी की निगरानी के लिए डिजिटल टेक्नोलॉजी

  • नई जलवायु-प्रतिरोधी लीची किस्मों का विकास

हर साल की तरह इस बार भी मुजफ्फरपुर की शाही लीची देश के सर्वोच्च पदों पर आसीन लोगों के लिए गर्व और सम्मान का प्रतीक बनकर रवाना होने जा रही है। यह केवल एक फल नहीं, बल्कि बिहार की कृषि परंपरा, पहचान और गुणवत्ता का प्रतीक है।

Read this article in

KKN लाइव WhatsApp पर भी उपलब्ध है, खबरों की खबर के लिए यहां क्लिक करके आप हमारे चैनल को सब्सक्राइब कर सकते हैं।

KKN Public Correspondent Initiative

Latest articles

क्या बिहार में बदलेगी सत्ता की स्क्रिप्ट या दोहराएगा इतिहास?

KKN ब्यूरो। क्या बिहार की राजनीति में सचमुच एक युग का अंत और दूसरे...

ब्लैक फ्राइडे: एक खामोश हकीकत

यह एक खामोश हकीकत है। अगर एक फिल्म... सिर्फ एक घटना को दिखा रही...

बिहार में RTI सिस्टम ध्वस्त! 30,000 अपीलें लंबित, हाई कोर्ट सख्त—क्या खत्म हो रही पारदर्शिता?

KKN ब्यूरो। बिहार में पारदर्शिता की रीढ़ मानी जाने वाली सूचना का अधिकार (RTI)...

बंगाल 2026: असली लड़ाई वोट की नहीं, सिस्टम की है

पश्चिम बंगाल की राजनीति अब सिर्फ चुनाव नहीं रह गई है… यह लड़ाई बन...

More like this

क्या बिहार में बदलेगी सत्ता की स्क्रिप्ट या दोहराएगा इतिहास?

KKN ब्यूरो। क्या बिहार की राजनीति में सचमुच एक युग का अंत और दूसरे...

बिहार में RTI सिस्टम ध्वस्त! 30,000 अपीलें लंबित, हाई कोर्ट सख्त—क्या खत्म हो रही पारदर्शिता?

KKN ब्यूरो। बिहार में पारदर्शिता की रीढ़ मानी जाने वाली सूचना का अधिकार (RTI)...

नीतीश युग का अंत या नई शुरुआत? सम्राट चौधरी के हाथों में बिहार की सत्ता का नया समीकरण

KKN ब्यूरो। क्या बिहार की राजनीति एक ऐसे मोड़ पर आ खड़ी हुई है…...

बिहार बोर्ड 10वीं रिजल्ट 2026 जारी

बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड (BSEB) ने आखिरकार बिहार बोर्ड 10वीं रिजल्ट 2026 जारी कर...

बिहार बोर्ड मैट्रिक रिजल्ट 2026: आज नहीं… तो कब?

बिहार में लाखों छात्रों के बीच शनिवार को उस वक्त हलचल मच गई, जब...

बिहार बोर्ड 10वीं रिजल्ट 2026 जल्द होगा जारी; यहां जानें तारीख, वेबसाइट और डाउनलोड प्रक्रिया

बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) द्वारा बिहार बोर्ड 10वीं रिजल्ट 2026 जल्द ही जारी...

क्या नीतीश कुमार का दौर खत्म होने वाला है और क्या बीजेपी लिख रही है नई सत्ता की पटकथा?

पटना की राजनीति में अचानक क्यों तेज हुई फुसफुसाहट? KKN ब्यूरो। क्या बिहार में फिर...

मिडिल ईस्ट: महायुद्ध की दहलीज़ पर विभाजन और तड़पता हुआ क्षेत्र

KKN ब्यूरो। संयुक्त रूप से अमेरिका और इज़रायल ने अपने सबसे बड़े सैन्य अभियान...

मिट्टी की खुशबू से मोबाइल की रिंगटोन तक: पांच दशक में बदलता ग्रामीण समाज

जब शाम ढलती थी और पूरा गांव एक आंगन में सिमट आता था KKN ब्यूरो।...

Everything Apple Sale में बड़ी छूट: iPhone 17 रुपये 45,000 से कम में उपलब्ध

रिटेल चेन Croma ने अपनी ‘Everything Apple Sale’ के तहत iPhone मॉडल्स पर भारी...

महिला रोजगार योजना बिहार : होली के बाद दूसरी किस्त के रूप में 20 हजार रुपये जारी होंगे

Mahila Rojgar Yojana Bihar के तहत राज्य सरकार ने दूसरी किस्त जारी करने की...

Army Agniveer Vacancy 2026 आवेदन शुरू, आयु सीमा में एक वर्ष की छूट

Army Agniveer Vacancy 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 13 फरवरी 2026 से शुरू...

BRABU मुजफ्फरपुर में छात्राओं की फीस माफ, SC/ST छात्रों को भी राहत

बाबासाहेब भीवराव अंबेडकर बिहार यूनिवर्सिटी मुजफ्फरपुर (BRABU) ने छात्राओं के लिए बड़ी राहत की...

बिहार मौसम अपडेट : शुष्क रहेगा मौसम, सुबह-रात हल्की ठंड बरकरार

फरवरी का महीना आगे बढ़ने के साथ ही बिहार में मौसम का मिजाज धीरे-धीरे...

बिहार के इंजीनियरिंग कॉलेजों को नहीं मिली NBA मान्यता, छात्रों के भविष्य पर असर

बिहार का एक भी इंजीनियरिंग कॉलेज अभी तक NBA यानी National Board of Accreditation...