शुक्रवार, दिसम्बर 12, 2025 12:06 पूर्वाह्न IST
होमBiharदरभंगा को मिलेगा बिहार का पहला अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट का दर्जा

दरभंगा को मिलेगा बिहार का पहला अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट का दर्जा

Published on

बिहार सरकार ने दरभंगा एयरपोर्ट को अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे का दर्जा देने के लिए औपचारिक रूप से केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय से अनुरोध किया है। राज्य सरकार द्वारा यह कदम दरभंगा एयरपोर्ट के विस्तारीकरण के चलते उठाया गया है, जो जल्द ही बिहार का पहला पूरी तरह से ऑपरेशनल अंतरराष्ट्रीय गेटवे बनने की दिशा में बढ़ रहा है। इस प्रस्ताव को बिहार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने मंत्रालय को भेजा है, जिससे राज्य के उड्डयन बुनियादी ढांचे के विस्तार में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।

बिहार के उड्डयन क्षेत्र में विस्तार की दिशा में एक बड़ा कदम

दरभंगा एयरपोर्ट को अंतरराष्ट्रीय दर्जा देने का प्रस्ताव राज्य के उड्डयन क्षेत्र को और मजबूती प्रदान करेगा। बिहार में लंबे समय से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को लेकर कई तरह की सीमाएं रही हैं। पटना एयरपोर्ट का उदाहरण लिया जाए तो, इस एयरपोर्ट पर अंतरराष्ट्रीय उड़ानें बहुत समय से निलंबित हैं। पटना एयरपोर्ट पर एकमात्र अंतरराष्ट्रीय मार्ग, नेपाल के लिए उड़ानें थीं, जो 1999 में इंडियन एयरलाइंस फ्लाइट IC-814 के कंधार में अपहरण के बाद बंद कर दी गई थीं। उसके बाद से पटना एयरपोर्ट ने केवल कागजी तौर पर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट का दर्जा रखा है, लेकिन असल में वहां कोई सक्रिय अंतरराष्ट्रीय उड़ानें नहीं हैं।

गया एयरपोर्ट कुछ एशियाई देशों जैसे जापान, थाईलैंड, म्यांमार और श्रीलंका के लिए सीधी उड़ानें प्रदान करता है, जो मुख्य रूप से बौद्ध तीर्थयात्रा मार्गों को पूरा करता है। हालांकि, गया एयरपोर्ट को भी वर्तमान श्रेणियों के तहत पूरी तरह से अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट का दर्जा नहीं मिला है। दरभंगा का प्रस्ताव राज्य की इच्छा को प्रदर्शित करता है कि बिहार को अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए एक समर्पित हवाईअड्डा मिल सके।

पटना एयरपोर्ट की स्थिति और सीमाएं

भारत में एयरपोर्ट को चार श्रेणियों में वर्गीकृत किया जाता है: अंतरराष्ट्रीय, घरेलू, कस्टम्स और रक्षा। अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट उन हवाईअड्डों को कहा जाता है, जो घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों उड़ानों को संभालते हैं और आमतौर पर इनमें बड़ी संचालन क्षमता होती है। वर्तमान में भारत में लगभग 29 अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट हैं, जो दोनों तरह की उड़ानें संभालते हैं।

वहीं, पटना एयरपोर्ट को कस्टम्स एयरपोर्ट के रूप में वर्गीकृत किया गया है। कस्टम्स एयरपोर्ट मुख्य रूप से कस्टम्स जांच, शुल्क संग्रह और तस्करी की निगरानी के लिए कार्य करते हैं। इन एयरपोर्टों पर सीमित नागरिक यातायात होता है और इनका मुख्य ध्यान कस्टम्स ऑपरेशन पर होता है। पटना एयरपोर्ट पर कस्टम्स और इमिग्रेशन अधिकारियों की नियुक्ति भी नहीं की गई है, जो अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के संचालन के लिए आवश्यक है।

दरभंगा एयरपोर्ट का विस्तार

दरभंगा एयरपोर्ट को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार विकसित किया जा रहा है। इस एयरपोर्ट की रनवे को वर्तमान में 2,743 मीटर से बढ़ाकर 3,657 मीटर किया जा रहा है। इस विस्तार के लिए 89.75 एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है, जिसकी लागत ₹244.6 करोड़ है। इस विस्तार के बाद, यह एयरपोर्ट बड़े विमानों को समायोजित करने में सक्षम होगा, जो अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए जरूरी हैं।

साथ ही, दरभंगा जिले की प्रशासनिक टीम को एयरपोर्ट के पास एक लॉजिस्टिक पार्क के लिए निवेदन भेजने का निर्देश दिया गया है। इससे इस क्षेत्र को एक क्षेत्रीय विमानन और माल ढुलाई हब के रूप में विकसित करने की योजना बनाई जा रही है। यदि यह प्रस्ताव मंजूर होता है, तो दरभंगा बिहार का पहला एयरपोर्ट बन जाएगा, जिसे पूरी तरह से अंतरराष्ट्रीय दर्जा मिलेगा, जो राज्य की कनेक्टिविटी और इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए एक महत्वपूर्ण कदम होगा।

बिहार की बेहतर कनेक्टिविटी के लिए यह कदम महत्वपूर्ण

दरभंगा को अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट का दर्जा मिलने से बिहार में अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का नया रास्ता खुलेगा। इससे राज्य में पर्यटन, व्यापार और क्षेत्रीय व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, यह बिहार की अर्थव्यवस्था के लिए भी एक महत्वपूर्ण विकास होगा। दरभंगा का एयरपोर्ट बिहार के उत्तरी हिस्से में स्थित है, जो इसे अंतरराष्ट्रीय और घरेलू दोनों उड़ानों के लिए एक आदर्श केंद्र बनाता है।

यदि दरभंगा को अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे का दर्जा मिलता है, तो यह न केवल राज्य की कनेक्टिविटी को बेहतर करेगा, बल्कि राज्य की पूरी विकास प्रक्रिया को गति देगा। दरभंगा एयरपोर्ट पर बुनियादी ढांचे का विस्तार और लॉजिस्टिक पार्क की स्थापना राज्य को विमानन क्षेत्र में एक नई दिशा देगी। यह प्रस्ताव बिहार में इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास की दिशा में एक नई शुरुआत हो सकती है।

दरभंगा का अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा बनने की दिशा में एक अहम कदम

दरभंगा का अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा बनने से न केवल स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे, बल्कि इससे राज्य में व्यापार और निवेश के नए रास्ते खुलेंगे। यह बिहार के लोगों के लिए वैश्विक स्तर पर कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। सरकार के इस कदम से राज्य की आर्थिक स्थिति मजबूत हो सकती है और बिहार को एक नया पहचान मिल सकती है।

दरभंगा के एयरपोर्ट का विस्तार और इसके अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे के रूप में मान्यता मिलना राज्य की सरकार की योजनाओं का हिस्सा है, जो बिहार को एक समृद्ध और विकसित राज्य बनाने के लिए काम कर रही है। इस कदम से न केवल यात्रियों की संख्या में वृद्धि होगी, बल्कि राज्य के अन्य क्षेत्रों में भी विकास की गति बढ़ेगी।

कुल मिलाकर, दरभंगा एयरपोर्ट का अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा बनने से बिहार की कनेक्टिविटी में सुधार होगा, जो राज्य के समग्र विकास में एक अहम भूमिका निभाएगा।

Read this article in

KKN लाइव WhatsApp पर भी उपलब्ध है, खबरों की खबर के लिए यहां क्लिक करके आप हमारे चैनल को सब्सक्राइब कर सकते हैं।

KKN Public Correspondent Initiative

Latest articles

बिहार बोर्ड ने डीएलएड प्रवेश 2026-28 का नोटिफिकेशन जारी किया : जानें आवेदन प्रक्रिया और परीक्षा विवरण

बिहार में शिक्षक बनने का सपना देखने वाले उम्मीदवारों के लिए एक बड़ी खबर...

बिहार की 86 युवा महिलाओं का चयन टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स इंटर्नशिप के लिए

बिहार में युवा सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया गया है। राज्य...

जानिए जया किशोरी की चमकती त्वचा का राज

कथावाचक जया किशोरी, अपनी गहरी और प्रेरणादायक बातों के लिए जानी जाती हैं। लेकिन...

बिहार में 2026 से सरकारी शिक्षकों को कोचिंग पढ़ाने से लगेंगे रोक

बिहार राज्य में शिक्षा के क्षेत्र में एक नया मोड़ आने वाला है, क्योंकि...

More like this

बिहार बोर्ड ने डीएलएड प्रवेश 2026-28 का नोटिफिकेशन जारी किया : जानें आवेदन प्रक्रिया और परीक्षा विवरण

बिहार में शिक्षक बनने का सपना देखने वाले उम्मीदवारों के लिए एक बड़ी खबर...

बिहार की 86 युवा महिलाओं का चयन टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स इंटर्नशिप के लिए

बिहार में युवा सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया गया है। राज्य...

जानिए जया किशोरी की चमकती त्वचा का राज

कथावाचक जया किशोरी, अपनी गहरी और प्रेरणादायक बातों के लिए जानी जाती हैं। लेकिन...

बिहार में 2026 से सरकारी शिक्षकों को कोचिंग पढ़ाने से लगेंगे रोक

बिहार राज्य में शिक्षा के क्षेत्र में एक नया मोड़ आने वाला है, क्योंकि...

सोने और चांदी की कीमतों में बढ़ रही तेजी

सोने और चांदी की कीमतों में आज, 11 दिसंबर 2025 को तेजी देखने को...

बिहार BSSC स्पोर्ट्स ट्रेनर भर्ती 2025 : 379 पदों के लिए करें आवेदन

यदि आप सरकारी नौकरी की तलाश में हैं तो आपके लिए बिहार कर्मचारी चयन...

बिहार मौसम अपडेट : ठंड और कोहरे का असर जारी रहेगा

बिहार में सर्दी का असर धीरे-धीरे महसूस होने लगा है। सुबह और रात के...

मुजफ्फरपुर हादसा : तेज रफ्तार ट्रक और खाली बस की भिड़ंत, दो घायल; ट्रक चालक फरार

मुजफ्फरपुर जिले के अहियापुर थाना क्षेत्र में स्थित भीखनपुर एनएच (राष्ट्रीय राजमार्ग) पर एक...

सारण जिले में हुई दिल दहला देने वाली हत्या : युवक का गला रेतकर हाथ काटा, शव रेलवे ट्रैक के किनारे फेंका

सारण जिले के रिविलगंज थाना क्षेत्र के जखुंआ गांव में एक दिल दहला देने...

बिहार पंचायत चुनाव 2026: ईवीएम से मतदान और आरक्षण में बदलाव की तैयारी

बिहार में 2026 में होने वाले पंचायत चुनावों को लेकर तैयारियां तेज हो गई...

बिहार मौसम अपडेट: 10 दिसंबर से ठंड बढ़ेगी, पछुआ हवा से और भी बढ़ेगी मुश्किलें

जैसे ही दिसंबर का दूसरा सप्ताह शुरू हुआ, बिहार में ठंड ने अपना असली...

पटना के पीएमसीएच अस्पताल में ऑपरेशन के दौरान 3 साल की बच्ची की मौत

बिहार की राजधानी पटना के पीएमसीएच (पटना मेडिकल कॉलेज और अस्पताल) में एक दुखद...

बक्सर का नया गंगा पुल बिहार और उत्तर प्रदेश में यात्रा को बदलने और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के लिए तैयार है

बिहार में बक्सर के तीसरे गंगा पुल का निर्माण तेजी से चल रहा है,...

बीपीएससी टीआरई 4 : शिक्षक भर्ती परीक्षा में देरी, रिक्तियों की जानकारी का इंतजार

बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) ने दिसंबर महीने में चौथे चरण की शिक्षक भर्ती...

बिहार मौसम अपडेट : घना कोहरा और ठंड का कहर, जानें ताजा पूर्वानुमान

बिहार में सर्दी का असर बढ़ने लगा है। जैसे-जैसे ठंडी का मौसम गहराता जा...