KKN गुरुग्राम डेस्क | 13 मई 2025 को, भारत-पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के चलते भारतीय फिल्म उद्योग ने एक बड़ा कदम उठाया है। अब बॉलीवुड फिल्मों के पोस्टरों और एल्बम कवरों से पाकिस्तानी कलाकारों की तस्वीरें हटा दी गई हैं। यह निर्णय हाल ही में हुए पहलगाम आतंकी हमले के बाद लिया गया है, जिसमें 26 भारतीय नागरिकों की जान गई थी।
पाकिस्तानी कलाकारों की तस्वीरें हटाई गईं
स्पॉटिफाई और यूट्यूब म्यूजिक जैसे प्रमुख म्यूजिक स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म्स ने ‘रईस’, ‘सनम तेरी कसम’ और ‘कपूर एंड सन्स’ जैसी फिल्मों के एल्बम कवरों से पाकिस्तानी कलाकारों की तस्वीरें हटा दी हैं। उदाहरण के लिए, ‘सनम तेरी कसम’ के पोस्टर से मावरा होकेन की तस्वीर हटा दी गई है, जबकि ‘कपूर एंड सन्स’ में फवाद खान की तस्वीर को भी पोस्टर से हटा दिया गया है।
‘ऑपरेशन सिंदूर’ और सांस्कृतिक प्रतिबंध
भारत सरकार ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तानी कलाकारों के खिलाफ कड़े कदम उठाए हैं। इसमें पाकिस्तानी कलाकारों की फिल्मों को बैन करना, उनके सोशल मीडिया अकाउंट्स को ब्लॉक करना और ओटीटी प्लेटफॉर्म्स से पाकिस्तानी कंटेंट को हटाना शामिल है। फवाद खान की फिल्म ‘अबीर गुलाल’ की रिलीज़ भी भारत में रोक दी गई है।
फिल्म निर्माताओं और निर्देशकों की प्रतिक्रिया
‘सनम तेरी कसम’ के निर्देशक राधिका राव और विनय सप्रू ने पाकिस्तानी कलाकारों पर लगे प्रतिबंध का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में यह निर्णय उचित है। हालांकि, अभिनेता हर्षवर्धन राणे ने फिल्म के सीक्वल में काम करने से इनकार कर दिया है।
सोशल मीडिया पर जनता की प्रतिक्रिया
सोशल मीडिया पर इस कदम को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कुछ लोगों ने इस निर्णय का समर्थन किया है, जबकि कुछ ने शाहरुख खान की तस्वीरें न हटाने पर सवाल उठाए हैं। एक यूज़र ने लिखा, “शाहरुख खान की तस्वीर भी हटा दो, देख लिया कितने देशभक्त हैं।”
भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव का सीधा असर बॉलीवुड पर पड़ा है। पाकिस्तानी कलाकारों की तस्वीरों को हटाने का निर्णय सांस्कृतिक और राजनीतिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है। यह देखना दिलचस्प होगा कि आने वाले समय में यह स्थिति कैसे विकसित होती है और दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक संबंध कैसे प्रभावित होते हैं।
