रविवार, फ़रवरी 22, 2026 2:38 अपराह्न IST
होमBiographyवक्त की थपेरो में गुम होती जॉर्ज फर्नांडिस की यादें

वक्त की थपेरो में गुम होती जॉर्ज फर्नांडिस की यादें

Published on

देश के पहले फायरब्रांड नेता का विद्रोही तेबर, राजनीति के गलियारे में गुम हुआ या कर दिया गया

यादो के झरोखें से

George Fernandes
जॉर्ज फर्नांडिस

अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में एक दमदार हस्ती रहे तात्कालीन रक्षा मंत्री जॉर्ज फर्नांडिस आज बेवस व लाचार जीवन जीने को विवश है। गनीमत ये कि आज वह सख्सियत किसी को याद भी नही आता। कहतें हैं राजनीति की दुनिया में सदैव उगते सूरज की पूजा होती है। जानकार बतातें हैं कि आपातकाल के दौरान फायरब्रांड नेता के तौर पर उभरे जॉर्ज फर्नांडिस आज गुमनामी की जिंदगी जी रहे हैं।

जया को नही मिला घर में प्रवेस की अनुमति

बात जून 2010 की है। मानसून दस्तक दे चुका था। जॉर्ज के घर का दरवाजा बंद था और दरवाजे के बाहर जया जेटली, माइकल और रिचर्ड फर्नांडिस खड़े थे। जॉर्ज के केयर टेकर केडी सिंह ने उन्हें घर में घुसने से मना कर दिया। जया का कहना था कि वह अपनी कुछ किताबें और पेंटिंग्स लेने आई हैं। बावजूद इसके जया को पहली बार जॉर्ज के घर में प्रवेस करने की इजाजत नही मिली।

मुश्किल दिनो में :

जानकार बतातें है कि वर्ष 2009 में लोकसभा चुनाव हारने के बाद जॉर्ज की आर्थिक स्थिति ठीक नही था। उनके पास दिल्ली में रहने का ठिकाना भी नहीं था। यही वह समय था, जब जॉर्ज अल्जाइमर की चपेट में आ गये थे। इस बीच उनके दोस्तों ने उनके लिए किराए का मकान खोजना शुरू कर दिया था। हालांकि, तीन महीने बाद ही वह बिहार से राज्यसभा में पहुंच गए और इस संकट से मुक्ती मिल गई।

जार्ज का प्यार

कहतें हैं कि 4 अगस्त 2009 को अल्जाइमर से पीड़ित जॉर्ज जब राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ले रहे थे, उस वक्त उनके बगल में एक महिला खड़ी थीं। दरअसल, वह लैला कबीर थी। जॉर्ज के करीबी सूत्रो की माने तो 25 साल बाद  लैला की जॉर्ज के जीवन में वापसी हो रही थी। यह वही लैला थी, जिनसे जॉर्ज ने कभी पागलों की तरह प्यार किया था।
वर्ष 1971 में दिल्ली से कोलकाता की उड़ान के दौरान हवाई जहाज में लैला से जॉर्ज की पहली मुलाकात हुई थी। इसे एक इत्तेफाक कह लें कि दोनो बंगलादेश में चल रही युद्ध के मोर्चा से लौट रहे थे। लैला वहां रेडक्रॉस के अपने मिशन से लौट रही थीं और जॉर्ज अपनी राजनीतिक यात्रा पूरी करके दिल्ली आ रहे थे। दिल्ली पहुंच कर जॉर्ज ने लैला को उनके घर छोड़ने की पेशकश की। किंतु, लैला इसे बड़ी ही विनम्रता से ठुकरा दिया।
किंतु, छोटी सी मुलाकात के दोनो पर गहरे असर पड़े और दिल्ली में दोनों बार-बार एक दूसरे से मिलने लगे। एक महीने के भीतर ही जॉर्ज ने लैला के समक्ष शादी की पेशकश कर दी और इस बार लैला इनकार नहीं कर पाईं। 22 जुलाई, 1971 को दोनो का विवाह हुआ। लैला ने एक बेटे को जन्म दिया, जिसका नाम शॉन फर्नांडिस है।

आपातकाल से अंडरग्राउंड तक

25 जून 1975 को जब आपातकाल लगा, जॉर्ज और लैला उड़ीसा के गोपालपुर में छुट्टियां मना रहे थे। जॉर्ज यहां से अंडरग्राउंड हो गए और अगले 22 महीने तक उनकी लैला से कोई बात नहीं हुई। इस बीच लैला अपने बेटे के साथ अमेरिका चली गईं। आपातकाल खत्म होने पर जॉर्ज ने उन्हें बुलावा भेजा। पर, किसी कारण से वह लौट नही सकी।

एक और नया रिश्ता

वक्त के साथ जॉर्ज और जया जेटली का रिश्ता राजनीति के गलियारे में सुर्खिया बटोरने लगा था। कहतें है कि दोनो के बीच जो रिश्ता बन गया था, वो साथी राजनीतिक कार्यकर्ता से काफी आगे का माना जाने लगा था। दूसरी ओर लैला ने इस रिश्ते से छुटकारा पाने के लिए जॉर्ज को तलाकनामा भेज दिया और जॉर्ज ने इसके जवाब में सोने के दो कंगन भेज दिये।

नाटकीय मिलन

लैला की जॉर्ज के जीवन में वापसी भी कम नाटकीय नहीं है। बात 2007 की है। लंबे अंतराल के बाद अचानक जॉर्ज की मुलाकात अपने बेटे शॉन से हो गई। एक प्रत्यक्षदर्शी की माने तो यह मुलाकात काफी भावुक हो गई और इसका असर ये हुआ कि 23 साल बाद जॉर्ज ने पहली बार लैला से फोन पर बात की। शॉन को यहां अपने पिता की बीमारी के बारे पता लगा। लैला का कहना है कि उन्हें महसूस हुआ कि जॉर्ज को अब उनकी सबसे ज्यादा जरूरत है। इसलिए वो जॉर्ज की जिंदगी में दूबारा वापस लौट आईं।

जॉर्ज के जीवन का टर्निंग प्वाइंट

2 जनवरी 2010 को दोपहर 2 बजे लैला जॉर्ज के घर पहुंचती हैं। उनके साथ उनके बेटे शॉन और बहू भी होती हैं। लैला घर के एक कमरे में खुद को जॉर्ज के साथ बंद कर लेती है और जब वह वहां से निकलती हैं, तो जॉर्ज के अंगूठे पर स्याही का निशान देख कर सभी सकते में पड़ जातें हैं। इस तरह जॉर्ज की पावर ऑफ़ अटर्नी, जो कि नवंबर 2009 में जया के नाम पर लिखी गई थी, वह अब लैला के नाम हो जाता है। बात जॉर्ज के 13 करोड़ के संपत्ति से जुड़ा था।

जया ने अदालत से लगाई गुहार

इधर, जया भी चुप बैठने को तैयार नही थी और 2010 में जया ने अदालत में लैला के खिलाफ मामला दायर करते हुए कहा कि उन्हें जॉर्ज से मिलने नहीं दिया जा रहा हैं। उस जॉर्ज से, जिनके साथ वो पिछले 30 साल से थीं। अप्रैल 2012 में इस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट का फैसला आया जो कि जया के खिलाफ था। जया मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट पहुंच गईं। जस्टिस पी सदाशिव की बेंच ने हाईकोर्ट का फैसला पलट दिया। जॉर्ज के 80वें जन्मदिन पर एक तस्वीर जारी की गई, जिसमें जया और लैला मुरझाए हुए से जॉर्ज के बगल में खड़ी है। इसके बाद जॉर्ज फर्नांडिस एक बार फिर से गुमनामी की चादर ओढ़े पता नही किस हाल में होंगे? शायद इसे ही राजनीति कहतें हैं।

जहां से शुरू, वही खत्म

राजनीति में एक आम जुमला है कि यहां कोई किसी का स्थायी दोस्त या दुश्मन नही होता है। जॉर्ज पर यह जुमला फिट बैठता है। जिस नीतीश कुमार को बिहार के मुख्यमंत्री की कुर्सी तक पहुंचाने के लिए जॉर्ज ने अपना आखरी दाव लगाया। उसी नीतीश ने मुख्यमंत्री बनते ही जॉर्ज को राजनीति का आखरी दिन गिना दिया। कहतें है कि बिहार से शुरू हुई जॉर्ज की राजनीतिक सफर का बिहार में ही अवसान भी हो गया। बावजूद इसके मुजफ्फरपुर के लोग जॉर्ज को शायद ही भूल पायें?

Also Read :

KKN लाइव WhatsApp पर भी उपलब्ध है, खबरों की खबर के लिए यहां क्लिक करके आप हमारे चैनल को सब्सक्राइब कर सकते हैं।

KKN Public Correspondent Initiative

Latest articles

47 साल बाद साथ आए रजनीकांत और कमल हासन, नए फिल्म प्रोमो ने बढ़ाई उत्सुकता

भारतीय सिनेमा के दो दिग्गज—राजनीकांत और कमल हासन एक बार फिर साथ नज़र आने...

Everything Apple Sale में बड़ी छूट: iPhone 17 रुपये 45,000 से कम में उपलब्ध

रिटेल चेन Croma ने अपनी ‘Everything Apple Sale’ के तहत iPhone मॉडल्स पर भारी...

Siliguri Corridor क्या कर रहा है चीन-बांग्लादेश साजिश का कैसे हुआ खुलाशा

क्या आप जानते हैं कि भारत का एक 20 किलोमीटर चौड़ा इलाका देश के...

India-US Trade Deal से खतरे में MSP? | किसानों की नई चिंता का पूरा सच

देश में खामोशी है… लेकिन खेतों में बेचैनी। भारत-अमेरिका के नए ट्रेड फ्रेमवर्क के...

More like this

बिहार विधानसभा चुनाव के बाद सक्रिय हुए प्रशांत किशोर, 8 फरवरी से शुरू करेंगे बिहार यात्रा

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में करारी हार के बाद जन सुराज पार्टी के नेता...

झपहां बने मुजफ्फरपुर का पूर्वी अनुमंडल?

मुख्यमंत्री की समृद्धि यात्रा में उठी मांग, विधायक अजय कुमार की मांग के मायने...

बाजार समिति कार्यक्रम में महिलाओं के स्टॉल पर सबसे अधिक समय बिताया मुख्यमंत्री ने

बाजार समिति परिसर में शुक्रवार को आयोजित कार्यक्रम के दौरान मौजूद सभी महिलाएं चाह...

क्या कोई राजनीतिक व्यक्ति कभी सुप्रीम कोर्ट का जज बना?

बिना क़ानून की डिग्री, राजनीति और न्यायपालिका पर उठे सबसे बड़े सवाल KKN ब्यूरो। भारतीय...

आज मुख्यमंत्री नीतीश कुमार दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे

बिहार की राजनीति में नई सरकार के गठन के बाद एक महत्वपूर्ण हलचल देखने...

पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री शिवराज पाटिल का 91 वर्ष की आयु में निधन

केंद्रीय गृह मंत्री रहे शिवराज पाटिल का 91 वर्ष की आयु में निधन हो...

बिहार पंचायत चुनाव 2026: ईवीएम से मतदान और आरक्षण में बदलाव की तैयारी

बिहार में 2026 में होने वाले पंचायत चुनावों को लेकर तैयारियां तेज हो गई...

बिहार विधानसभा शीतकालीन सत्र : चौथे दिन की कार्यवाही और महत्वपूर्ण घटनाएँ

बिहार विधानसभा का शीतकालीन सत्र आज अपने चौथे दिन में प्रवेश कर चुका है।...

बिहार विधानसभा ‘मिथिलामय’ हो गई, 14 विधायकों ने मैथिली में शपथ ली

18वीं बिहार विधानसभा के शीतकालीन सत्र का उद्घाटन सोमवार को बिहार की सांस्कृतिक विविधता...

कांग्रेस की हार पर मंथन के बीच दिल्ली रवाना हुए तेजस्वी यादव

बिहार के महागठबंधन (ग्रैंड अलायंस) को हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में करारी...

कंगना रनौत का बयान : पीएम मोदी के नेतृत्व में सनातन धर्म और राष्ट्र की गरिमा का उभार

हिमाचल प्रदेश की मंडी सीट से भाजपा सांसद और फिल्म अभिनेत्री कंगना रनौत ने...

प्रशांत किशोर ने जन सुराज पार्टी की हार पर तोड़ी चुप्पी, कहा- ‘लालू के जंगलराज का डर’

बिहार विधानसभा चुनाव में अपनी नवगठित पार्टी जन सुराज की करारी हार के बाद,...

प्रशांत किशोर का बड़ा ऐलान : जन सुराज के लिए अपनी सारी संपत्ति दान की

जन सुराज पार्टी (जेएसपी) के नेता प्रशांत किशोर ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की है।...

शपथ ग्रहण समारोह के बाद तेजस्वी यादव ने ट्विटर पर नीतीश कुमार को बधाई दी

बिहार में 20 नवम्बर 2025 को एक ऐतिहासिक दिन था, जब नीतीश कुमार ने...

बिहार का नया मंत्रिमंडल : रिकॉर्ड महिला मतदान के बावजूद महिलाओं का प्रतिनिधित्व सिर्फ़ 11%

नीतीश कुमार ने बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में 10वीं बार शपथ ली है।...