शुक्रवार, अप्रैल 3, 2026 2:50 पूर्वाह्न IST
होमBiharपूर्णिया की बिना हाथों की बेटी ने हौसले से बदली अपनी तकदीर

पूर्णिया की बिना हाथों की बेटी ने हौसले से बदली अपनी तकदीर

Published on

बिहार की धरती ने एक बार फिर यह साबित किया है कि मजबूत इरादों के आगे शारीरिक सीमाएं टिक नहीं पातीं। Purnia जिले के एक छोटे से गांव में जन्मी रूपम कुमारी की कहानी साहस, संघर्ष और आत्मविश्वास की मिसाल है। जन्म से दोनों हाथ न होने के बावजूद उन्होंने कभी खुद को कमजोर नहीं माना। परिस्थितियों से समझौता करने के बजाय उन्होंने उनसे लड़ने का रास्ता चुना। आज रूपम पीएचडी कर रही हैं और जल्द ही उनके नाम के आगे डॉक्टर जुड़ जाएगा।

उनकी यह यात्रा सिर्फ व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं है। यह उन लाखों लोगों के लिए प्रेरणा है, जो किसी न किसी चुनौती से जूझ रहे हैं। रूपम ने यह साबित किया है कि असली शक्ति शरीर में नहीं, बल्कि सोच और मेहनत में होती है।

बचपन से ही चुनौतियों से भरी रही राह

रूपम का बचपन आसान नहीं था। बिना हाथों के जन्म लेने के कारण रोजमर्रा के काम भी उनके लिए बड़ी चुनौती बन जाते थे। गांव में सीमित संसाधन और सामाजिक सोच कई बार निराश करती थी। कई लोग उनकी क्षमता पर सवाल उठाते थे।

इन तमाम मुश्किलों के बीच परिवार का साथ उनकी सबसे बड़ी ताकत बना। माता-पिता ने कभी उन्हें कमतर महसूस नहीं होने दिया। इसी सहयोग ने रूपम को हर हाल में आगे बढ़ने की हिम्मत दी।

पैरों से काम करना सीखा, शिक्षा को बनाया हथियार

समय के साथ रूपम ने अपने पैरों से काम करना सीख लिया। उन्होंने ठान लिया कि शिक्षा ही उनका सबसे बड़ा हथियार बनेगी। किताबें पकड़ना और लिखना उनके लिए आसान नहीं था, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी।

पैरों से लिखने की शुरुआत बेहद कठिन रही। शुरुआत में अक्षर साफ नहीं बनते थे और लिखने में बहुत समय लगता था। लगातार अभ्यास और धैर्य ने इस कठिनाई को धीरे-धीरे आसान बना दिया।

2009 में मिली पहली बड़ी सफलता

साल 2009 रूपम के जीवन का अहम मोड़ साबित हुआ। उन्होंने दसवीं की परीक्षा सफलतापूर्वक पास की। यह उनकी पहली बड़ी शैक्षणिक सफलता थी। इस उपलब्धि ने उन्हें आगे बढ़ने का नया आत्मविश्वास दिया।

इसके बाद उन्होंने इंटरमीडिएट की पढ़ाई पूरी की और फिर कॉलेज में दाखिला लिया। हर परीक्षा उनके लिए नई चुनौती लेकर आती थी, लेकिन उनका हौसला हर बार मजबूत होकर सामने आया।

कॉलेज से NET तक का कठिन सफर

कॉलेज के दिनों में रूपम ने उच्च शिक्षा का सपना देखा। उन्होंने National Eligibility Test की तैयारी शुरू की। यह परीक्षा देश की कठिन परीक्षाओं में गिनी जाती है।

कड़ी मेहनत और निरंतर अभ्यास के बाद रूपम ने NET पास कर लिया। यह उपलब्धि अपने आप में असाधारण थी। सामान्य छात्रों के लिए भी यह परीक्षा कठिन मानी जाती है, लेकिन रूपम के लिए यह संघर्ष पर जीत का प्रतीक बन गई।

भूपेंद्र नारायण मंडल विश्वविद्यालय से पीएचडी

वर्तमान में रूपम कुमारी Bhupendra Narayan Mandal University से पीएचडी कर रही हैं। शोध कार्य पूरा होते ही उन्हें डॉक्टरेट की उपाधि मिलेगी। इसके साथ ही वह आधिकारिक रूप से डॉक्टर कहलाएंगी।

यह मुकाम सिर्फ उनकी मेहनत का परिणाम नहीं है। यह उन सभी लोगों की जीत है, जो सीमित संसाधनों और कठिन परिस्थितियों में भी बड़े सपने देखते हैं।

पढ़ाई के साथ बच्चों को पढ़ाया, खुद संभाली जिम्मेदारी

अपनी पढ़ाई और परिवार की आर्थिक मदद के लिए रूपम ने गांव के बच्चों को ट्यूशन पढ़ाना शुरू किया। पैरों से लिखते हुए बच्चों को पढ़ाना गांव के लिए भी एक अनोखा दृश्य था।

धीरे-धीरे वह बच्चों के लिए Role Model बन गईं। अभिभावकों और छात्रों ने उनसे Motivation लेना शुरू किया। उनकी मौजूदगी ने गांव में शिक्षा के प्रति सकारात्मक माहौल बनाया।

परिवार और पति का मिला पूरा साथ

रूपम की शादी हो चुकी है। उनके पति एक प्राइवेट टीचर हैं। रूपम बताती हैं कि पति और परिवार का सहयोग उन्हें लगातार आगे बढ़ने की ताकत देता है।

भावनात्मक और मानसिक समर्थन ने उनके Career को नई दिशा दी। परिवार के साथ ने उन्हें हर मुश्किल दौर में संभाले रखा।

सोशल मीडिया पर बनीं प्रेरणा की पहचान

आज रूपम कुमारी की कहानी सोशल मीडिया पर तेजी से साझा की जा रही है। लोग उनके संघर्ष और सफलता से प्रेरणा ले रहे हैं। खासकर दिव्यांग युवाओं के लिए वह उम्मीद की नई रोशनी बनकर सामने आई हैं।

उनका जीवन यह संदेश देता है कि सीमाएं शरीर की नहीं, सोच की होती हैं। अगर इरादे मजबूत हों तो कोई भी बाधा रास्ता नहीं रोक सकती।

हजारों युवाओं के लिए उम्मीद की मिसाल

पूर्णिया की रूपम कुमारी ने अपने संघर्ष से यह साबित कर दिया है कि असंभव कुछ भी नहीं। उनकी यात्रा संघर्ष से सफलता तक की जीवंत कहानी है।

आज वह न सिर्फ बिहार, बल्कि पूरे देश के युवाओं के लिए Inspiration बन चुकी हैं। उनका सफर आने वाली पीढ़ियों को यह सिखाता है कि आत्मविश्वास और मेहनत के साथ हर सपना पूरा किया जा सकता है।

Read this article in

KKN लाइव WhatsApp पर भी उपलब्ध है, खबरों की खबर के लिए यहां क्लिक करके आप हमारे चैनल को सब्सक्राइब कर सकते हैं।

KKN Public Correspondent Initiative

Latest articles

क्या भविष्य में आपका अस्तित्व सिस्टम के कंट्रोल में होगा?

क्या आपने कभी सोचा है… कि अगर एक दिन आपकी पहचान… आपका पैसा… और...

क्या आपकी सोच कंट्रोल हो रही है? जानिए डिजिटल वॉरफेयर का असली सच

क्या आपने कभी सोचा है… कि अचानक एक ही खबर हर प्लेटफॉर्म पर क्यों...

ट्रंप की दादागिरी का असली चेहरा अब दुनिया के सामने है

KKN ब्यूरो। क्या अमेरिका मिडिल ईस्ट में फंस चुका है? क्या ट्रंप की ‘दादागिरी’...

काबुल की उस रात क्या हुआ था | जासूस Falcon का रहस्य

काबुल की एक सर्द रात… एक गुमनाम शख्स… और एक ऐसा राज… जो पूरी...

More like this

बिहार बोर्ड 10वीं रिजल्ट 2026 जारी

बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड (BSEB) ने आखिरकार बिहार बोर्ड 10वीं रिजल्ट 2026 जारी कर...

बिहार बोर्ड मैट्रिक रिजल्ट 2026: आज नहीं… तो कब?

बिहार में लाखों छात्रों के बीच शनिवार को उस वक्त हलचल मच गई, जब...

बिहार बोर्ड 10वीं रिजल्ट 2026 जल्द होगा जारी; यहां जानें तारीख, वेबसाइट और डाउनलोड प्रक्रिया

बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) द्वारा बिहार बोर्ड 10वीं रिजल्ट 2026 जल्द ही जारी...

क्या नीतीश कुमार का दौर खत्म होने वाला है और क्या बीजेपी लिख रही है नई सत्ता की पटकथा?

पटना की राजनीति में अचानक क्यों तेज हुई फुसफुसाहट? KKN ब्यूरो। क्या बिहार में फिर...

मिडिल ईस्ट: महायुद्ध की दहलीज़ पर विभाजन और तड़पता हुआ क्षेत्र

KKN ब्यूरो। संयुक्त रूप से अमेरिका और इज़रायल ने अपने सबसे बड़े सैन्य अभियान...

मिट्टी की खुशबू से मोबाइल की रिंगटोन तक: पांच दशक में बदलता ग्रामीण समाज

जब शाम ढलती थी और पूरा गांव एक आंगन में सिमट आता था KKN ब्यूरो।...

Everything Apple Sale में बड़ी छूट: iPhone 17 रुपये 45,000 से कम में उपलब्ध

रिटेल चेन Croma ने अपनी ‘Everything Apple Sale’ के तहत iPhone मॉडल्स पर भारी...

महिला रोजगार योजना बिहार : होली के बाद दूसरी किस्त के रूप में 20 हजार रुपये जारी होंगे

Mahila Rojgar Yojana Bihar के तहत राज्य सरकार ने दूसरी किस्त जारी करने की...

Army Agniveer Vacancy 2026 आवेदन शुरू, आयु सीमा में एक वर्ष की छूट

Army Agniveer Vacancy 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 13 फरवरी 2026 से शुरू...

BRABU मुजफ्फरपुर में छात्राओं की फीस माफ, SC/ST छात्रों को भी राहत

बाबासाहेब भीवराव अंबेडकर बिहार यूनिवर्सिटी मुजफ्फरपुर (BRABU) ने छात्राओं के लिए बड़ी राहत की...

बिहार मौसम अपडेट : शुष्क रहेगा मौसम, सुबह-रात हल्की ठंड बरकरार

फरवरी का महीना आगे बढ़ने के साथ ही बिहार में मौसम का मिजाज धीरे-धीरे...

बिहार के इंजीनियरिंग कॉलेजों को नहीं मिली NBA मान्यता, छात्रों के भविष्य पर असर

बिहार का एक भी इंजीनियरिंग कॉलेज अभी तक NBA यानी National Board of Accreditation...

₹10,000 से कम में Samsung के दमदार स्मार्टफोन, 50MP कैमरा और 5000mAh बैटरी के साथ

अगर आप budget segment में Samsung का स्मार्टफोन खरीदने की planning कर रहे हैं,...

मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना : महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बड़ी पहल

Mukhyamantri Mahila Rozgar Yojana के तहत राज्य सरकार महिलाओं को रोजगार और स्वरोजगार के...

आज का राशिफल, सभी 12 राशियों का दैनिक भविष्यफल

Horoscope 10 February 2026 Aaj Ka Rashifal ग्रहों और नक्षत्रों की चाल के आधार...