बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारियों के बीच लोजपा (रामविलास) ने अपनी रणनीति को और धार देना शुरू कर दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान अब तक चार नव संकल्प महासभा कर चुके हैं और गुरुवार को मुजफ्फरपुर के एमआईटी मैदान में पांचवीं महासभा आयोजित होगी। इस महासभा को लेकर तिरहुत और मिथिलांचल के कार्यकर्ताओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है।
Article Contents
चुनावी रणनीति और क्षेत्रीय फोकस
मुजफ्फरपुर की रैली का मकसद उत्तर बिहार, विशेषकर तिरहुत और मिथिला क्षेत्र के कार्यकर्ताओं में ऊर्जा भरना है। माना जा रहा है कि चिराग पासवान इस मंच से मुजफ्फरपुर जिले की 11 विधानसभा सीटों में से कम से कम दो पर दावेदारी पेश करेंगे। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कांटी और गायघाट सीटों को लेकर लोजपा (रामविलास) पहले से ही रणनीति बना रही है।
कांटी और गायघाट पर लोजपा की नजर
पार्टी सूत्रों का कहना है कि लोजपा (रामविलास) कांटी और गायघाट सीट पर मजबूत तैयारी कर रही है। बीते विधानसभा चुनाव में गायघाट से लोजपा उम्मीदवार मैदान में थे, लेकिन तीसरे स्थान पर रहे। वहीं कांटी सीट जदयू के खाते में थी और वहां भी जदयू को तीसरे स्थान से संतोष करना पड़ा था। इस बार लोजपा इन दोनों सीटों पर जीत हासिल करने की उम्मीद में है।
पार्टी के दिग्गज नेता रहेंगे मौजूद
चिराग पासवान की इस महासभा में पार्टी के कई वरिष्ठ नेता शिरकत करेंगे। इनमें जुमई सांसद सह बिहार प्रभारी अरुण भारती, प्रदेश अध्यक्ष राजू तिवारी, वैशाली सांसद वीणा देवी, समस्तीपुर सांसद शांभवी, खगड़िया सांसद राजेश वर्मा, संसदीय बोर्ड के प्रदेश अध्यक्ष हुलास पांडेय, प्रधान महासचिव संजय पासवान, कोषाध्यक्ष सुरेंद्र विवेक, प्रदेश उपाध्यक्ष अशरफ अंसारी, आईटी सेल के प्रदेश अध्यक्ष अमित कुमार रानू समेत कई अन्य नेता शामिल होंगे। इन नेताओं की मौजूदगी से यह महासभा पार्टी की ताकत का बड़ा प्रदर्शन मानी जा रही है।
प्रशासन की तैयारियां और सुरक्षा व्यवस्था
महासभा को लेकर जिला प्रशासन ने भी व्यापक इंतजाम किए हैं। सभा स्थल से लेकर दादर पुल तक दंडाधिकारी की तैनाती की गई है। डीएम सुब्रत कुमार सेन ने निर्देश दिए हैं कि चिराग पासवान Z-श्रेणी सुरक्षा में आते हैं, इसलिए विधि-व्यवस्था को लेकर कोई चूक न हो।
ट्रैफिक और सुरक्षा प्रबंधन की जिम्मेदारी अपर जिला परिवहन पदाधिकारी विवेक कुमार और डीएसपी ट्रैफिक मनोज चौधरी को दी गई है। इसके अलावा पूर्वी और पश्चिमी अनुमंडल पदाधिकारी तथा एसडीपीओ मुजफ्फरपुर भी व्यवस्था की निगरानी करेंगे।
NDA में सीट शेयरिंग का संकेत
महासभा के मंच से चिराग पासवान द्वारा दो सीटों पर दावा पेश करना सीधे तौर पर NDA में सीट शेयरिंग की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। लोजपा (रामविलास) ने पहले ही भाजपा को अपनी प्राथमिकताएं बता दी हैं, लेकिन औपचारिक बंटवारा अभी बाकी है। ऐसे में मुजफ्फरपुर की रैली चिराग की राजनीतिक मंशा को स्पष्ट करने का मंच बनेगी।
कार्यकर्ताओं में जोश भरने की कवायद
चिराग पासवान की शैली हमेशा से कार्यकर्ताओं को सीधे संबोधित कर उनमें आत्मविश्वास भरने की रही है। माना जा रहा है कि इस महासभा में वे कार्यकर्ताओं से बूथ स्तर तक सक्रिय रहने और जनता के बीच पार्टी की नीतियों को लेकर जाने का आह्वान करेंगे। पार्टी सूत्रों का मानना है कि यह रैली कार्यकर्ताओं के मनोबल को और ऊंचा करेगी।
मुजफ्फरपुर की नव संकल्प महासभा न केवल लोजपा (रामविलास) के लिए शक्ति प्रदर्शन होगी बल्कि यह NDA में सीटों पर अपनी दावेदारी जताने का भी महत्वपूर्ण अवसर बनेगी। कांटी और गायघाट पर पार्टी की तैयारी और बड़े नेताओं की मौजूदगी इस रैली को और खास बना रही है।
जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आ रहे हैं, चिराग पासवान की हर सभा राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बन रही है। मुजफ्फरपुर की यह महासभा तिरहुत और मिथिला में लोजपा की रणनीतिक दिशा को और स्पष्ट करेगी।



