प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को बेंगलुरु से तीन नई Vande Bharat Express ट्रेन सेवाओं की शुरुआत की। बहुप्रतीक्षित बेंगलुरु–बेलगावी वंदे भारत को उन्होंने स्वयं हरी झंडी दिखाई, जबकि श्री माता वैष्णो देवी कटरा–अमृतसर और अजनी (नागपुर)–पुणे के लिए सेवाओं की शुरुआत डिजिटल माध्यम से की। रेलवे कार्यक्रम के बाद प्रधानमंत्री ने बेंगलुरु मेट्रो की येलो लाइन का भी उद्घाटन किया।
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केएसआर बेंगलुरु स्टेशन पर भव्य स्वागत
प्रधानमंत्री मोदी जब अपने काफिले के साथ केएसआर बेंगलुरु रेलवे स्टेशन पहुंचे, तो रास्ते के दोनों ओर भारी संख्या में लोग मौजूद थे। समर्थकों ने ‘‘मोदी, मोदी’’ के नारे लगाए और प्रधानमंत्री ने भी हाथ हिलाकर उनका अभिवादन किया। स्टेशन पहुंचने के बाद उन्होंने प्लेटफॉर्म पर जाकर ट्रेन को हरी झंडी दिखाई।
इस मौके पर कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत, मुख्यमंत्री सिद्धरमैया, केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और कई अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
बेहतर कनेक्टिविटी की दिशा में कदम
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि नई Vande Bharat Express सेवाएं यात्री कनेक्टिविटी को और मजबूत करेंगी और यात्रियों को वर्ल्ड-क्लास रेल अनुभव प्रदान करेंगी।
बेंगलुरु–बेलगावी वंदे भारत कर्नाटक में चलने वाली 11वीं सेवा है। यह 611 किलोमीटर की दूरी केवल 8.5 घंटे में तय करेगी। मौजूदा सेवाओं की तुलना में यह ट्रेन बेंगलुरु से बेलगावी की यात्रा में लगभग 1 घंटा 20 मिनट और बेलगावी से बेंगलुरु में 1 घंटा 40 मिनट की बचत कराएगी।
कर्नाटक के प्रमुख क्षेत्रों को जोड़ने वाला मार्ग
यह मार्ग भारत की ‘सिलिकॉन सिटी’ बेंगलुरु को मेडिकल और इंजीनियरिंग शिक्षा के केंद्र बेलगावी से जोड़ेगा। इससे दोनों क्षेत्रों में आर्थिक और शैक्षिक सहयोग बढ़ेगा।
ट्रेन कर्नाटक के गन्ना उत्पादन क्षेत्र से गुजरते हुए धारवाड़, हुबली, हावेरी, दावणगेरे और तुमकुरु जैसे प्रमुख शहरों को जोड़ेगी। धारवाड़ अपने प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थानों के लिए जाना जाता है, हुबली एक प्रमुख औद्योगिक केंद्र है, हावेरी कृषि के लिए उभरता हुआ क्षेत्र है, दावणगेरे कपड़ा और कृषि उद्योग में प्रसिद्ध है और तुमकुरु औद्योगिक व शैक्षिक दोनों क्षेत्रों में तेजी से बढ़ रहा है।
बेंगलुरु–बेलगावी वंदे भारत की खासियत
यह ट्रेन हाई-स्पीड संचालन के साथ आधुनिक सुविधाएं प्रदान करती है। आरामदायक सीटिंग, एडवांस सस्पेंशन और ऑनबोर्ड सेवाएं यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाती हैं। तेज यात्रा समय व्यापारियों, छात्रों और मरीजों के लिए खासतौर पर लाभकारी होगा।
बेहतर कनेक्टिविटी से स्थानीय उद्योगों और शैक्षणिक संस्थानों को अधिक अवसर और संसाधन उपलब्ध होंगे।
दो अन्य सेवाओं का डिजिटल उद्घाटन
बेंगलुरु–बेलगावी सेवा के अलावा प्रधानमंत्री ने दो अन्य वंदे भारत सेवाओं का डिजिटल उद्घाटन किया। श्री माता वैष्णो देवी कटरा–अमृतसर ट्रेन उत्तर भारत में तीर्थ और पर्यटन को प्रोत्साहन देगी। अजनी (नागपुर)–पुणे सेवा महाराष्ट्र के सांस्कृतिक और औद्योगिक केंद्रों को तेज़ कनेक्टिविटी देगी।
बेंगलुरु मेट्रो येलो लाइन का उद्घाटन
रेलवे कार्यक्रम के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने बेंगलुरु मेट्रो की बहुप्रतीक्षित येलो लाइन का उद्घाटन किया। यह लाइन आईटी हब को जोड़ने वाले कई व्यस्त क्षेत्रों में ट्रैफिक जाम को कम करने में मदद करेगी।
प्रधानमंत्री ने आरवी रोड (रागीगुड्डा) से इलेक्ट्रॉनिक सिटी मेट्रो स्टेशन तक मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और अन्य नेताओं के साथ मेट्रो की सवारी की। यात्रा के दौरान उन्होंने छात्रों से बातचीत भी की।
मेट्रो नेटवर्क का विस्तार
अधिकारियों के अनुसार येलो लाइन बेंगलुरु मेट्रो परियोजना के दूसरे चरण का हिस्सा है। 7,160 करोड़ रुपये की लागत से बने इस 19 किलोमीटर लंबे मार्ग में 16 स्टेशन शामिल हैं।
इस लाइन के शुरू होने से बेंगलुरु मेट्रो का परिचालन नेटवर्क 96 किलोमीटर से अधिक हो गया है, जिससे बड़ी आबादी को तेज और विश्वसनीय सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध होगा।
कर्नाटक की अर्थव्यवस्था और गतिशीलता पर प्रभाव
नई वंदे भारत सेवाओं और मेट्रो विस्तार से कर्नाटक के परिवहन ढांचे में बड़ा बदलाव आएगा। तेज इंटरसिटी ट्रेन और कुशल शहरी परिवहन का संयोजन उत्पादकता और जीवन स्तर दोनों को बेहतर करेगा।
बेंगलुरु–बेलगावी वंदे भारत से व्यापार, शिक्षा और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। गन्ना उत्पादन क्षेत्र और अन्य उद्योगों को अपने उत्पाद बाजार तक पहुंचाने में आसानी होगी।
भारतीय रेल का आधुनिकीकरण
एक दिन में तीन वंदे भारत सेवाओं का शुभारंभ भारतीय रेल के आधुनिकीकरण की दिशा में अहम कदम है। ये ट्रेनें हाई-स्पीड संचालन, ऊर्जा दक्षता और यात्री सुविधा के लिए जानी जाती हैं।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि वंदे भारत प्रोजेक्ट यात्री रेल सेवाओं को तेज, स्वच्छ और अधिक आरामदायक बनाने के विजन के अनुरूप है।
यात्रियों के लिए लाभ
बेंगलुरु–बेलगावी मार्ग पर यात्रियों को गति, आराम और समय की पाबंदी का लाभ मिलेगा। ऑनबोर्ड सुविधाएं और कम यात्रा समय व्यवसायिक यात्राओं और निजी कामों के लिए अनुकूल हैं।
बेंगलुरु मेट्रो का विस्तार ऑफिस कर्मचारियों, छात्रों और यात्रियों के लिए यात्रा समय घटाएगा और निजी वाहनों पर निर्भरता कम करेगा।
भविष्य की योजनाएं
वंदे भारत सेवाओं और मेट्रो नेटवर्क का विस्तार जारी रहेगा। सरकार का लक्ष्य प्रमुख शहरों और औद्योगिक क्षेत्रों के बीच सहज कनेक्टिविटी सुनिश्चित करना है। यह न केवल शहरी जनसंख्या की जरूरतों को पूरा करेगा बल्कि ग्रामीण और अर्ध-शहरी इलाकों के विकास में भी मदद करेगा।
तीन नई वंदे भारत एक्सप्रेस और बेंगलुरु मेट्रो येलो लाइन का उद्घाटन भारत की परिवहन यात्रा में महत्वपूर्ण पड़ाव है। कर्नाटक के लिए यह कदम तेज़ इंटरसिटी यात्रा और बेहतर शहरी परिवहन का नया युग लेकर आएगा।
तेज गति, आधुनिक सुविधाओं और स्थायी डिजाइन के साथ ये परियोजनाएं देश को एक आधुनिक और कुशल परिवहन नेटवर्क की ओर ले जा रही हैं। यात्री अब एक नई और उन्नत यात्रा अनुभव की उम्मीद कर सकते हैं।



