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पुंछ सेक्टर में Cross-Border Attack में हरियाणा का जवान शहीद, गांव में मातम

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KKN गुरुग्राम डेस्क | जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारतीय सेना द्वारा Operation Sindoor की सफलता की खबर से देश में खुशी थी, लेकिन उसी रात एक दर्दनाक खबर ने हरियाणा के पलवल जिले के मोहम्मदपुर गांव को गहरे शोक में डुबो दिया। गांव का वीर सपूत, Indian Army Soldier लांस नायक दिनेश कुमार शर्मा, पुंछ सेक्टर में Cross-Border Firing के दौरान हुए बम धमाके में शहीद हो गया।

यह हमला LoC के पास उस समय हुआ जब दिनेश शर्मा अपनी यूनिट के साथ गश्त कर रहे थे। पाकिस्तान की ओर से हुई गोलीबारी के बीच अचानक बम विस्फोट हुआ, जिसमें दिनेश को गंभीर चोटें आईं और उन्होंने मौके पर ही प्राण त्याग दिए। उनके साथ ड्यूटी पर तैनात पांच अन्य जवान भी घायल हुए हैं।

शहीद की खबर से गांव में मातम

सेना द्वारा बुधवार तड़के लगभग 3:30 बजे उनके परिवार को शहादत की जानकारी दी गई। पलवल के मोहम्मदपुर गांव में जैसे ही खबर पहुंची, पूरे गांव में सन्नाटा छा गया। लोग घरों से बाहर निकल आए, आंखों में आंसू थे और दिल में गर्व कि गांव का बेटा देश के लिए कुर्बान हो गया।

गांव के सरपंच भूपराम पाठक ने बताया कि Shaheed Dinesh Sharma का पार्थिव शरीर गुरुवार दोपहर तक गांव पहुंचेगा और पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा।

12 सालों से कर रहे थे देश की सेवा

दिनेश शर्मा ने वर्ष 2014 में Indian Army में भर्ती होकर देश सेवा की शुरुआत की थी। वे पिछले कुछ वर्षों से जम्मू-कश्मीर में तैनात थे और हाल ही में उन्हें Lance Naik के पद पर प्रमोशन मिला था। उनका कार्यक्षेत्र LoC के पास रहा, जहां अक्सर Border Tension बना रहता है।

सेना अधिकारियों ने बताया कि गश्त के दौरान हुए विस्फोट में दिनेश के गले में गंभीर चोट आई थी। उनका बलिदान देश के लिए एक बहुत बड़ी क्षति है।

एक ही परिवार से तीन जवान

दिनेश शर्मा किसान परिवार से आते थे। उनके पिता खेती करते हैं और उनके दो छोटे भाई भी Agniveer Scheme के तहत सेना में सेवा दे रहे हैं। दो अन्य भाई खेती-बाड़ी में पिता की मदद करते हैं। दिनेश की पत्नी वकील हैं और उनके दो छोटे बच्चे हैं, जिनके सिर से पिता का साया उठ गया है।

गांव के लोग कहते हैं कि दिनेश हमेशा से देश के लिए कुछ बड़ा करना चाहते थे। उनके जाने से पूरा गांव स्तब्ध है, लेकिन उनके बलिदान पर सभी को गर्व है।

सड़क मार्ग से लाया जा रहा पार्थिव शरीर

कश्मीर में सुरक्षा हालात और नागरिक आवाजाही पर प्रतिबंध के चलते दिनेश शर्मा का पार्थिव शरीर हवाई मार्ग से नहीं भेजा जा सका। सेना की टुकड़ी सड़क मार्ग से पार्थिव शरीर को लेकर पलवल रवाना हुई है। डीसी पलवल हरीश वशिष्ठ ने पुष्टि की है कि Shaheed Soldier की अंतिम यात्रा गुरुवार को पूरे सम्मान के साथ होगी।

Government Assistance की घोषणा

हरियाणा सरकार ने Shaheed Dinesh Sharma के परिवार को आर्थिक सहायता और बच्चों की शिक्षा व पत्नी के लिए रोजगार सहायता का आश्वासन दिया है। जिला प्रशासन लगातार परिवार के संपर्क में है और सभी जरूरी मदद प्रदान कर रहा है।

Operation Sindoor और बढ़ती Border Tension

जानकारों का कहना है कि Operation Sindoor के सफल क्रियान्वयन के बाद पाकिस्तान समर्थित आतंकी संगठनों में बौखलाहट है। इस कारणवश Cross-Border Attack जैसी घटनाएं बढ़ रही हैं। LoC पर ड्रोन और निगरानी सिस्टम को और मज़बूत किया जा रहा है ताकि ऐसे हमलों को रोका जा सके।

दिल्ली, पंजाब और जम्मू में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। एयरपोर्ट्स और सरकारी इमारतों पर High Alert जारी है।

नेताओं और जनता की श्रद्धांजलि

पूर्व मंत्री विपुल गोयल सहित कई नेताओं ने दिनेश शर्मा को Martyr Tribute दिया। सोशल मीडिया पर हजारों लोगों ने श्रद्धांजलि पोस्ट की और सरकार से कड़ी कार्रवाई की मांग की।

गोयल ने अपने संदेश में कहा, “पलवल के वीर सपूत दिनेश शर्मा ने सीमा पर मातृभूमि की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान दिया। उनका यह बलिदान हमेशा याद रहेगा।”

गांव का बेटा, देश का हीरो

दिनेश शर्मा अब सिर्फ मोहम्मदपुर गांव के नहीं, बल्कि पूरे देश के हीरो बन गए हैं। उनका नाम आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करेगा। जिला प्रशासन उनके नाम पर स्कूल, सड़क या सामुदायिक केंद्र का नाम रखने की योजना बना रहा है।

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