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आंध्र प्रदेश के कुरनूल में बस मे लगी भीषण आग, 20 यात्रियों की दर्दनाक मौत

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आंध्र प्रदेश के कुरनूल जिले में शुक्रवार को एक भयानक सड़क हादसे ने पूरे देश को झकझोर दिया। बेंगलुरु से हैदराबाद जा रही एक निजी बस चिन्नाटेकुर गांव के पास हैदराबाद-बेंगलुरु नेशनल हाईवे पर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे के बाद बस में आग लग गई, जिसमें कम से कम 20 लोगों की मौत हो गई। यह हादसा सुबह करीब 3 बजे के आसपास हुआ जब ज्यादातर यात्री गहरी नींद में थे।

पुलिस के अनुसार, बस की टक्कर एक दोपहिया वाहन से हुई, जिससे ईंधन टैंक का ढक्कन खुल गया और पेट्रोल के रिसाव के कारण बस में आग लग गई। हादसे में बाइक सवार की भी मौत हो गई। हादसे की भयावहता इतनी थी कि कुछ ही मिनटों में पूरी बस आग की लपटों में घिर गई।

कैसे हुआ हादसा

कुरनूल की जिला कलेक्टर डॉ. ए. सिरी ने बताया कि यह दुर्घटना सुबह 3:00 से 3:10 के बीच हुई जब निजी बस की टक्कर एक मोटरसाइकिल से हो गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक बस के नीचे फंस गई और कुछ ही सेकंड में आग फैल गई।

डॉ. सिरी ने बताया कि बस में कुल 41 यात्री सवार थे। इनमें से 21 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि 20 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। अब तक 11 मृतकों की पहचान की जा चुकी है, बाकी शवों की पहचान का कार्य जारी है।

कुरनूल रेंज के पुलिस उपमहानिरीक्षक कोया प्रवीण ने बताया कि 19 यात्री, दो बच्चे और दोनों चालक किसी तरह अपनी जान बचाने में सफल रहे। हालांकि बस का दरवाजा शॉर्ट सर्किट के कारण जाम हो गया था, जिससे कई यात्री अंदर फंस गए। कुछ ही मिनटों में बस पूरी तरह जलकर राख हो गई।

भयावह दृश्य और राहत कार्य

हादसे के बाद का दृश्य बेहद दर्दनाक था। ज्यादातर यात्री सो रहे थे, जब अचानक चीख-पुकार के बीच बस धुएं और आग से भर गई। कई लोगों ने खिड़कियों को तोड़कर बाहर निकलने की कोशिश की, जबकि कुछ फंसे रह गए।

स्थानीय लोग और राहगीर तुरंत मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। दमकल की कई गाड़ियां बुलाकर आग पर काबू पाया गया। राहत कार्य में पुलिस, फायर ब्रिगेड और स्थानीय प्रशासन की टीमों ने पूरी रात जुटकर काम किया।

घायलों को Kurnool General Hospital में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के अनुसार, कई यात्री गंभीर रूप से झुलस गए हैं। अधिकांश यात्री हैदराबाद के रहने वाले बताए जा रहे हैं।

तेलंगाना सरकार ने Helpline शुरू की

तेलंगाना सरकार ने हादसे के बाद यात्रियों और उनके परिवारों की सहायता के लिए हेल्पलाइन शुरू की है। सरकार की ओर से जारी विज्ञप्ति में कहा गया कि सहायता के लिए लोग अधिकारी एम. श्रीरामचंद्र (मोबाइल 9912919545) और ई. चिट्टीबाबू (मोबाइल 9440854433) से संपर्क कर सकते हैं।

मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने इस हादसे पर दुख व्यक्त किया और तुरंत राहत कार्यों की निगरानी के निर्देश दिए। उन्होंने मुख्य सचिव के. रामकृष्ण राव और पुलिस महानिदेशक शिवधर रेड्डी से बात कर घटना स्थल पर राहत व्यवस्था की जानकारी ली।

रेवंत रेड्डी ने आईएएस अधिकारी एस. हरीश और पड़ोसी जिले गडवाल के कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक को भी मौके पर पहुंचने का आदेश दिया ताकि दोनों राज्यों की ओर से समन्वय स्थापित हो सके।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने जताया शोक

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने इस भीषण हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने एक्स (X) पर पोस्ट करते हुए लिखा, “आंध्र प्रदेश के कुरनूल में हुए दुखद बस अग्निकांड की खबर अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। मैं पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करती हूं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हूं।”

राष्ट्रपति ने इस दुर्घटना को “बेहद दुखद और पीड़ादायक” बताया और प्रशासन से प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता देने की अपील की।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संवेदना व्यक्त की और आर्थिक सहायता का एलान किया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कुरनूल बस हादसे पर शोक व्यक्त किया। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) के आधिकारिक एक्स हैंडल पर जारी बयान में उन्होंने कहा, “आंध्र प्रदेश के कुरनूल जिले में हुए हादसे में जन-धन की हानि से मैं अत्यंत दुखी हूं। मेरी संवेदनाएं प्रभावित परिवारों के साथ हैं। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं।”

प्रधानमंत्री ने PM National Relief Fund से सहायता राशि देने की घोषणा की। मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी, जबकि घायलों को 50,000 रुपये की आर्थिक मदद प्रदान की जाएगी।

मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने जताया दुख

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने भी इस हादसे पर गहरा दुख जताया। उन्होंने कहा, “कुरनूल जिले के चिन्नाटेकुर गांव के पास हुई भीषण बस आग दुर्घटना के बारे में जानकर मुझे गहरा सदमा पहुंचा है। मेरी संवेदनाएं उन परिवारों के साथ हैं जिन्होंने अपने प्रियजनों को खो दिया है। राज्य सरकार घायलों और उनके परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान करेगी।”

सीएम नायडू ने प्रशासनिक अधिकारियों को तुरंत घटनास्थल पर पहुंचने और राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी करने के निर्देश दिए।

जांच और राहत कार्य जारी

पुलिस और प्रशासन ने घटनास्थल से शवों को निकालकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। दुर्घटना की जांच के लिए एक विशेष टीम बनाई गई है। प्रारंभिक जांच में संभावना जताई गई है कि हादसा तेज गति और दृश्यता की कमी के कारण हुआ।

सूत्रों के अनुसार, टक्कर के बाद बस का चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस ने उसकी तलाश शुरू कर दी है और आसपास के टोल प्लाजा एवं पेट्रोल पंपों की CCTV Footage खंगाली जा रही है।

कुरनूल पुलिस अधीक्षक ने बताया कि लापरवाही और तेज गति से वाहन चलाने के आरोप में मामला दर्ज किया गया है। सरकार को विस्तृत जांच रिपोर्ट जल्द सौंपी जाएगी।

पीड़ितों की पहचान और सहायता

अब तक 11 मृतकों की पहचान की जा चुकी है, जिनमें अधिकतर हैदराबाद और आसपास के इलाकों के निवासी हैं। शेष शवों की पहचान के लिए परिजनों को बुलाया गया है।

कुरनूल जनरल अस्पताल में घायलों के इलाज के लिए विशेष वार्ड बनाए गए हैं। गंभीर रूप से झुलसे यात्रियों के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम लगाई गई है।

स्थानीय स्वयंसेवी संगठन और एनजीओ भी राहत कार्य में जुटे हुए हैं। वे घायलों और उनके परिजनों को भोजन, पानी और आवश्यक सहायता प्रदान कर रहे हैं।

देशभर में शोक की लहर

कुरनूल बस हादसे ने पूरे देश को हिला दिया है। सोशल मीडिया पर लोगों ने शोक संदेश साझा किए और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट की। कई नेताओं, सेलिब्रिटीज़ और सामाजिक संगठनों ने सड़क सुरक्षा नियमों को और कड़ा करने की मांग की है।

विशेषज्ञों ने कहा कि road safety के लिए सख्त मानकों की जरूरत है। निजी बसों में आपातकालीन निकास, सुरक्षा जांच और नाइट ड्राइविंग के नियमों का पालन सुनिश्चित करना जरूरी है।

कुरनूल हादसा: एक दर्दनाक याद जो देश नहीं भूलेगा

कुरनूल का यह हादसा आंध्र प्रदेश के इतिहास में सबसे भीषण सड़क दुर्घटनाओं में से एक बन गया है। 20 लोगों की मौत और कई घायल यात्रियों की पीड़ा ने पूरे देश को गमगीन कर दिया है।

यह त्रासदी हमें एक बार फिर यह याद दिलाती है कि सड़क सुरक्षा और वाहन रखरखाव को लेकर सख्ती कितनी जरूरी है। हादसे के बाद जली हुई बस और शोकाकुल परिजनों की तस्वीरें पूरे देश के दिल को झकझोर गई हैं।

एक स्थानीय निवासी ने कहा, “सिर्फ कुछ सेकंड में सब कुछ राख में बदल गया।” यह बयान उस भयावह रात की सच्चाई बयां करता है, जिसे कोई भी नहीं भूल पाएगा।

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