भारत के 17वें उपराष्ट्रपति का चुनाव आज यानी 9 सितंबर 2025 को हो रहा है। मतदान सुबह 10 बजे संसद भवन में शुरू हुआ और परिणाम आज शाम घोषित कर दिए जाएंगे। इस बार मुकाबला एनडीए उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन और इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार बी. सुदर्शन रेड्डी के बीच है।
पीएम मोदी ने डाला पहला वोट
मतदान की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की। नेता सदन होने के नाते उन्होंने संसद भवन में सबसे पहले वोट डाला। इसके बाद सांसद बारी-बारी से मतदान कर रहे हैं। शाम तक वोटों की गिनती होगी और नतीजे घोषित किए जाएंगे।
यह चुनाव सिर्फ संवैधानिक पद के लिए नहीं बल्कि राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन के रूप में भी देखा जा रहा है।
राधाकृष्णन और सुदर्शन रेड्डी के बीच कड़ा मुकाबला
एनडीए ने इस चुनाव में महाराष्ट्र के राज्यपाल और वरिष्ठ नेता सीपी राधाकृष्णन को उम्मीदवार बनाया है। वहीं इंडिया ब्लॉक ने पूर्व सुप्रीम कोर्ट जज बी. सुदर्शन रेड्डी को मैदान में उतारा है। दोनों ही उम्मीदवार अपनी जीत का दावा कर रहे हैं लेकिन संख्याबल की बात करें तो NDA मजबूत स्थिति में दिख रहा है।
INDIA ब्लॉक क्रॉस वोटिंग और सांसदों की अंतरआत्मा की आवाज़ पर भरोसा कर रहा है। जबकि NDA नेताओं का कहना है कि नतीजे भारी अंतर से उनके पक्ष में आएंगे।
उपराष्ट्रपति चुनाव का नियम और प्रक्रिया
उपराष्ट्रपति चुनाव सामान्य चुनावों से अलग होता है। इसमें कोई चुनाव चिन्ह नहीं होता और पार्टियां व्हिप जारी नहीं कर सकतीं। सांसद स्वतंत्र रूप से वोट डालते हैं और हर वैध वोट का बड़ा महत्व होता है। पिछले 75 वर्षों में सिर्फ चार बार उपराष्ट्रपति निर्विरोध चुने गए हैं। इस बार दो उम्मीदवारों के आमने-सामने आने से मुकाबला रोचक बन गया है।
BJD, SAD और BRS चुनाव से दूर
इस चुनाव में तीन पार्टियां मतदान से अलग रह रही हैं। इनमें नवीन पटनायक की बीजेडी, पंजाब की शिरोमणि अकाली दल और के. चंद्रशेखर राव की बीआरएस शामिल हैं। इनके बाहर रहने से कुल मतदाताओं की संख्या 781 से घटकर 770 हो गई है। अब बहुमत का आंकड़ा 386 पर आ गया है।
किसे मिला समर्थन, किसे नहीं
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AIMIM और आम आदमी पार्टी ने इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार का समर्थन किया है।
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वाईएसआरसीपी ने NDA उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन पर भरोसा जताया है।
इंडिया ब्लॉक ने वोटिंग से पहले अपने सांसदों के लिए मॉक ड्रिल भी कराई ताकि कोई वोट खराब न हो। कांग्रेस का दावा है कि सुदर्शन रेड्डी को 324 से ज्यादा वोट मिलेंगे, हालांकि यह बहुमत से कम है।
राम मंदिर पहुंचे राधाकृष्णन
मतदान से पहले सीपी राधाकृष्णन दिल्ली के लोधी रोड स्थित श्री राम मंदिर पहुंचे और पूजा-अर्चना की। उन्होंने कहा कि यह चुनाव भारतीय राष्ट्रवाद की बड़ी जीत साबित होगा। भाजपा नेताओं ने भी उनके पक्ष में भारी जीत का दावा किया।
सुदर्शन रेड्डी का आत्मविश्वास
विपक्षी उम्मीदवार बी. सुदर्शन रेड्डी ने कहा कि उन्हें देशभर से लोगों का प्यार मिला है और वे बेहद आशावान हैं। उन्होंने पत्रकारों से कहा कि अगली बार उनसे उपराष्ट्रपति के तौर पर बातचीत होगी। कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने इस चुनाव को “देश की आत्मा बचाने का चुनाव” बताया।
बीजेपी का फोकस जीत के मार्जिन पर
BJP के लिए यह चुनाव सिर्फ जीत तक सीमित नहीं है, बल्कि जीत का अंतर भी अहम है। पार्टी चाहती है कि भारी बहुमत से जीत दर्ज कर अपनी राजनीतिक ताकत का प्रदर्शन करे। राजनीतिक समीकरण बताते हैं कि NDA को करीब 436 वोट मिल सकते हैं, जो बहुमत से लगभग 50 अधिक हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि भाजपा इस जीत को आने वाले राज्य चुनावों से जोड़कर देख रही है।
राहुल गांधी लौटे, खरगे के बाद डालेंगे वोट
कांग्रेस नेता राहुल गांधी मलेशिया दौरे से देर रात लौट आए हैं। वे कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बाद मतदान करेंगे। राहुल का वोट डालना विपक्षी एकजुटता का प्रतीक माना जा रहा है।
चुनाव का राजनीतिक महत्व
यह चुनाव उस समय हो रहा है जब राहुल गांधी लगातार प्रधानमंत्री मोदी पर हमले कर रहे हैं और बिहार सहित कई राज्यों में सियासी टकराव बढ़ रहा है। ऐसे में उपराष्ट्रपति चुनाव का परिणाम सिर्फ संवैधानिक पद तक सीमित नहीं रहेगा बल्कि राजनीतिक संदेश भी देगा।
NDA भारी जीत की तैयारी में है जबकि INDIA ब्लॉक इसे नैतिक विजय के रूप में दिखाना चाहता है। शाम को नतीजे साफ कर देंगे कि देश का अगला उपराष्ट्रपति कौन होगा।
