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हार्दिक पांडया के आतिशि पारी पर भारी पड़ा स्मिथ की बल्लेबाजी

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पुणे सुपरजायंट ने मुम्बई इंडियन को हराया

इमरान ताहिर और रहाणे भी चमके

संतोष कुमार गुप्ता

मुंबई। पुणे सुपरजायंट की टीम के कप्तान भले ही महेंद्र सिंह धौनी ना हो किंतु उनकी टीम ने आइपीएल मे जीत से आगाज किया है।मुम्बई टीम के हार्दिक पांडया की आखिरी ओवर मे आतिशि बल्लेबाजी पर पानी फिर गया। पुणे सुपरजाइंट्स की टीम ने कप्तान स्टीव स्मिथ की नाबाद 78 रन की पारी की बदौलत मुंबई इंडियंस को 7 विकेट से हरा दिया।
पुणे को आखिरी ओवर में जीत के लिए 13 रनों की दरकार थी, लेकिन शुरुआती तीन गेंद में सिर्फ तीन रन बने। अब तीन गेंद में 10 रन चाहिए थे और मैच रोमांचक मोड़ ले चुका था। लेकिन स्मिथ ने यहां लगातार दो छक्के लगाते हुए अपनी टीम को शानदार अंदाज में जीत दिलाई।
पुणे ने शुरुआत तो तेज की, लेकिन मयंक अग्रवाल (6) के रूप में उसे पहला झटका चौथे ओवर की पहली ही गेंद पर 35 के कुल योग पर लग गया। मिशेल मैक्लेनघन की गेंद पर रोहित शर्मा ने मयंक का कैच लपका।
पुणे को हालांकि पहले झटके से कोई फर्क नहीं पड़ा। सलामी बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे (60) ने स्मिथ के साथ दूसरे विकेट के लिए 8.28 की औसत से 58 रनों की साझेदारी कर टीम को जीत की दिशा में बनाए रखा।
रहाणे 93 के कुल स्कोर पर आउट हुए। टिम साउदी की गेंद पर सीमारेखा के पास नीतीश राणा ने उनका बेहतरीन कैच लपका। रहाणे ने 34 गेंदों में छह चौके और तीन छक्के लगाए।
रहाणे के जाने के बाद स्मिथ को आईपीएल इतिहास के सबसे महंगे विदेशी खिलाड़ी इंग्लैंड के बेन स्टोक्स (21) का साथ मिला। दोनों ने तीसरे विकेट के लिए नौ से अधिक के औसत से 50 रन जोड़े।
स्टोक्स 16वें ओवर की दूसरी गेंद पर 143 के कुल योग पर पवेलियन लौटे। 14 गेंदों में तीन चौका लगा चुके स्टोक्स, हार्दिक पांड्या की गेंद पर साउदी के हाथों लपके गए।
स्टोक्स के जाने के बाद पुणे के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धौनी (नाबाद 12) उतरे। धौनी ने धैर्यपूर्वक क्रीज पर समय बिताया और लगातार स्मिथ को स्ट्रोक देते रहे।
दोनों ने 44 रनों की नाबाद साझेदारी करते हुए टीम को जीत दिलाई।
मुंबई इंडियंस ने अंतिम ओवरों में केरन पोलार्ड (27) और हार्दिक पांड्या (नाबाद 35) की तूफानी पारियों की मदद से इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 10वें संस्करण के दूसरे मैच में राइजिंग पुणे सुपरजायंट्स के खिलाफ गुरुवार को 185 रनों का लक्ष्य रखा ।
खेले जा रहे इस मैच में मुंबई की टीम ने 20 ओवरों में आठ विकेट गंवा कर 184 रन बनाए।
पांड्या ने अंतिम ओवर में चार छक्कों और एक चौके की मदद से कुल 30 रन बटोरे, जिसमें तीन छक्के उन्होंने पहली तीन गेंद पर ही लगाए। यह आईपीएल के इतिहास का सबसे महंगा अंतिम ओवर साबित हुआ।
एक समय मुंबई का इस स्कोर तक पहुंचने मुश्किल लग रहा था, लेकिन अंतिम ओवरों में पोलार्ड और पांड्या ने उसके लिए जरूरी रन जुटाए।
पुणे के लिए सबसे ज्यादा तीन विकेट दक्षिण अफ्रीका के इमरान ताहिर ने लिए। उन्होंने अपने कोटे के चार ओवरो में 28 रन ही खर्च किए। उनके अलावा रजत भाटिया ने दो विकेट लिए।
बल्लेबाजी का आमंत्रण मिलने पर मैदान पर उतरी मुंबई की पार्थिव पटेल (19) और जोस बटलर (38) ने तेज शुरुआत दी और 4.2 ओवरों में 45 रन जोड़ डाले। इमरान ने पटेल को पीछे से बोल्ड कर पुणे को पहली सफलता दिलाई।
कप्तान रोहित शर्मा (3) कुछ खास नहीं कर पाए और इमरान की गुगली में फंस कर बोल्ड हो गए। एक रन बाद इमरान ने बटलर को भी पगबाधा आउट कर मुंबई को तीसरा झटका दिया। मुबंई की टीम 62 रनों पर ही अपने तीन विकेट खो चुकी थी।
अंबाती रायडु (10) ने टीम को संभालने की कोशिश की, लेकिन रजत ने उन्हें अपनी ही गेंद पर कैच कर पवेलियन भेज दिया। क्रुणाल पांड्या (3) को रजत ने अपना दूसरा शिकार बनाया।
लेकिन अंत में केरन पोलार्ड ने 17 गेंदों में तीन छक्के और एक चौका लगाकर मुंबई के बड़े स्कोर की उम्मीदों को जिंदा रखा। दूसरे छोर पर खड़े पांड्या ने अंतिम ओवर में खुलकर बल्लेबाजी कर उसे बड़ा स्कोर प्रदान किया।

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