होमEconomyBusinessIndia-US Relations: पीयूष गोयल बोले, नवंबर तक हो सकता है Bilateral Trade...

India-US Relations: पीयूष गोयल बोले, नवंबर तक हो सकता है Bilateral Trade Agreement

Published on

भारत और अमेरिका के बीच बढ़ते Tariff War ने व्यापारिक रिश्तों में तनाव पैदा कर दिया है। अमेरिका ने भारत पर 50% टैरिफ लगाया है, जिससे दोनों देशों के कारोबारी माहौल पर असर पड़ा है।

इसी बीच केंद्रीय वाणिज्य मंत्री Piyush Goyal ने ग्लोबल इन्वेस्टर कॉन्फ्रेंस 2025 में कहा कि हालात जल्द सुधरेंगे और नवंबर तक Bilateral Trade Agreement (BTA) हो सकता है।

उन्होंने भरोसा जताया कि बातचीत जारी है और दोनों देश समाधान की ओर बढ़ रहे हैं।

बातचीत की मौजूदा स्थिति

25 अगस्त को अमेरिकी प्रतिनिधियों की दिल्ली यात्रा टल जाने के बाद नई तारीख तय नहीं हुई। सूत्रों के मुताबिक, रूस से भारत द्वारा तेल खरीद पर लगाए गए 25% अतिरिक्त टैरिफ हटाना बातचीत बहाल करने की अहम शर्त है।

गोयल ने कहा कि अस्थिरता को “आधा भरा गिलास” समझना चाहिए क्योंकि इसमें अवसर भी छिपे होते हैं।

डोनाल्ड ट्रंप का बयान

गोयल की टिप्पणी से एक दिन पहले पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ‘Truth Social’ पर लिखा कि भारत ने अब शून्य टैरिफ का प्रस्ताव दिया है, लेकिन यह बहुत देर से आया।

ट्रंप ने भारत पर आरोप लगाया कि वह रूस से ज्यादा तेल और रक्षा सामान खरीद रहा है और अमेरिका से कम। उन्होंने व्यापारिक रिश्तों को एकतरफा बताया।

भारत-चीन संबंधों पर गोयल

गोयल ने कहा कि सीमा विवाद धीरे-धीरे हल होने के साथ India-China Relations सामान्य हो रहे हैं। उन्होंने बताया, “गलवान की घटना ने रिश्तों में रुकावट डाली थी। जैसे-जैसे मुद्दे सुलझ रहे हैं, संबंध सामान्य होना स्वाभाविक है।”

आत्मनिर्भर भारत और सप्लाई चेन

गोयल ने Atmanirbhar Bharat की सोच पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भर भारत का मतलब दरवाजे बंद करना नहीं बल्कि Global Supply Chains को लचीला बनाना है।

उन्होंने कहा कि भारत किसी एक भौगोलिक क्षेत्र पर निर्भर नहीं रहना चाहता। इसके लिए ड्रोन, सेमीकंडक्टर और CRGO स्टील जैसे क्षेत्रों में निर्माण को बढ़ावा दिया जा रहा है।

भारत और अमेरिका के बीच India-US Relations इस समय चुनौतियों से गुजर रहे हैं। टैरिफ विवाद और रूस से भारत के ऊर्जा संबंध इसमें बड़ी बाधा बने हैं।

फिर भी Piyush Goyal ने साफ कहा है कि नवंबर तक Bilateral Trade Agreement की उम्मीद है। अगर यह समझौता होता है तो दोनों देशों के बीच आर्थिक और रणनीतिक साझेदारी नए दौर में प्रवेश करेगी।

Read this article in

KKN लाइव WhatsApp पर भी उपलब्ध है, खबरों की खबर के लिए यहां क्लिक करके आप हमारे चैनल को सब्सक्राइब कर सकते हैं।

KKN Public Correspondent Initiative


Discover more from

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Latest articles

बिहार की सड़कें समय से पहले क्यों टूट जाती हैं?

जब सड़क टूटती है, तो केवल डगर नहीं बिखरता... KKN ब्यूरो। बारिश की पहली फुहार...

पेपर लीक का काला कारोबार: किसने चुराए करोड़ों युवाओं के सपने, कौन है इस संगठित अपराध का असली सरगना? (भाग–2)

क्या पेपर लीक केवल आज की समस्या है? KKN ब्यूरो। यदि कोई यह मानता...

पेपर लीक का काला कारोबार: किसने चुराए करोड़ों युवाओं के सपने, कौन है इस संगठित अपराध का असली सरगना?

जब प्रश्नपत्र नहीं, भविष्य लीक होने लगे... KKN ब्यूरो। किसी राष्ट्र का भविष्य उसकी सीमाओं...

तीन दशक की राजनीति जिसने बांकीपुर की पहचान बदल दी

कौशलेन्द्र झा KKN। आज बांकीपुर का नाम आते ही सबसे पहले भारतीय जनता पार्टी का...

More like this

पेपर लीक का काला कारोबार: किसने चुराए करोड़ों युवाओं के सपने, कौन है इस संगठित अपराध का असली सरगना? (भाग–2)

क्या पेपर लीक केवल आज की समस्या है? KKN ब्यूरो। यदि कोई यह मानता...

पेपर लीक का काला कारोबार: किसने चुराए करोड़ों युवाओं के सपने, कौन है इस संगठित अपराध का असली सरगना?

जब प्रश्नपत्र नहीं, भविष्य लीक होने लगे... KKN ब्यूरो। किसी राष्ट्र का भविष्य उसकी सीमाओं...

मामुली बारिश… और अंधेरे में डूब जाता है बिहार का गांव

ट्री कटिंग पर हर साल करोड़ों के टेंडर, फिर भी पेड़ की टहनी से...

भारतीय शिक्षा व्यवस्था के बारे में चौकाने वाला खुलाशा, क्या हर गांव में था स्कूल?

आज भी उपलब्ध है थॉमस मुनरो और विलियम एडम की रिपोर्ट KKN ब्यूरो। ब्रिटिश शासन...

कोल्ड ड्रिंक: ताजगी या धीमा ज़हर? क्या कहती है वैज्ञानिक रिसर्च?

KKN ब्यूरो। गर्मी हो, पार्टी हो या सफर, कोल्ड ड्रिंक आज हमारी जीवनशैली का...

ग्रामीण सड़कों के ‘जानलेवा’ स्पीड ब्रेकर: सुरक्षा के नाम पर जनता की जेब और सेहत पर हमला?

KKN ब्यूरो। ग्रामीण भारत में पक्की सड़कों का जाल तेजी से बिछा है। प्रधानमंत्री...

बिहार में शराबबंदी: सामाजिक सुधार या भ्रष्टाचार की नई अर्थव्यवस्था?

क्या शराबबंदी सफल हुई या उसने भ्रष्टाचार को नया ईंधन दिया? KKN ब्यूरो। एक  अप्रैल...

क्या दुनिया बायोलॉजिकल वेपन के मुहाने पर खड़ी है?

सुपर पावरों की गुप्त प्रयोगशालाएं, अमेरिकी फंडिंग और मानव अस्तित्व पर मंडराता नया खतरा KKN...

दल-बदल की राजनीति पर लगाम कब?

लोकतंत्र का सबसे बड़ा सवाल: विचारधारा बड़ी या सत्ता? कौशलेन्द्र झा KKN ब्यूरो। भारतीय राजनीति में...

ईरान के सामने अमेरिका कितना सफल रहा?

क्या दुनिया की सबसे बड़ी सैन्य शक्ति सीमित हो चुकी है? KKN ब्यूरो। जब भारत...

क्या अमेरिका भारत का भरोसेमंद साझेदार है?

दोस्त, साझेदार या सिर्फ अपने हितों का प्रहरी? KKN ब्यूरो। अंतरराष्ट्रीय राजनीति में कोई स्थायी...

श्रेष्ठता का भ्रम: जब गाली, दोषारोपण और अपमान बन जाते हैं सामाजिक फैशन

क्या दूसरों को नीचा दिखाकर कोई वास्तव में बड़ा बन सकता है? KKN ब्यूरो। आज...

भारत का भविष्य: कौन-कौन से खतरे दरवाजे पर खड़े हैं? और क्या भारत तैयार है?

KKN ब्यूरो। भारत 21वीं सदी की सबसे तेज़ी से उभरती अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है।...

हिन्दी पत्रकारिता: मिशन से बाज़ार तक का सफर

क्या हिन्दी पत्रकारिता आज भी जनता की आवाज़ है? हिन्दी पत्रकारिता दिवस विशेष KKN ब्यूरो। क्या...

भारत–बांग्लादेश सीमा पर तेज हुई फेंसिंग, लेकिन क्यों बढ़ रहा है तनाव?

KKN ब्यूरो। भारत ने बांग्लादेश सीमा को पूरी तरह सुरक्षित बनाने की दिशा में...