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मुजफ्फरपुर को जाम से राहत दिलाएगी चांदनी चौक–भगवानपुर सिक्स लेन सड़क परियोजना

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KKN गुरुग्राम डेस्क | मुजफ्फरपुर शहरवासियों के लिए एक राहत भरी खबर है। चिर-प्रतिक्षित चांदनी चौक–भगवानपुर हाईवे को सिक्स लेन में तब्दील करने की प्रक्रिया अब शुरू हो चुकी है। इस परियोजना का उद्देश्य शहर में लगातार लगने वाले जाम से निजात दिलाना और सड़क पर बढ़ते ट्रैफिक को सुचारु रूप से प्रबंधित करना है।

इस हाईवे को सिक्स लेन में बदलने की योजना को राज्य कैबिनेट से प्रशासनिक स्वीकृति मिल चुकी है और अब 41.08 करोड़ रुपये की लागत से निर्माण कार्य आरंभ होने जा रहा है।

 क्या है चांदनी चौक–भगवानपुर सिक्स लेन परियोजना?

चांदनी चौक से भगवानपुर तक की सड़क वर्तमान में फोर लेन है। लेकिन ट्रैफिक की अत्यधिक दबाव और लगातार जाम की स्थिति को देखते हुए सरकार ने इसे सिक्स लेन में विस्तारित करने का निर्णय लिया है। यह परियोजना सिर्फ सड़क चौड़ीकरण तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके अंतर्गत सर्विस लेन से अतिक्रमण हटाना, नए ड्रेनेज सिस्टम का निर्माण, और सड़क की गुणवत्ता में सुधार जैसे अहम कार्य भी शामिल हैं।

 टेंडर प्रक्रिया में भाग लेने वाली कंपनियां

इस सड़क परियोजना के लिए बुधवार को पटना स्थित पुल निर्माण निगम लिमिटेड कार्यालय में टेंडर खोला गया। इस प्रक्रिया में तीन प्रमुख निर्माण एजेंसियों ने भाग लिया:

  • मातेश्वरी कंस्ट्रक्शन

  • साद इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड

  • भारद्वाज कंस्ट्रक्शन

ये सभी एजेंसियां बिहार की स्थानीय कंपनियां हैं और इन्होंने पूर्व में पुल निर्माण, ग्रामीण कार्य विभाग और पथ निर्माण विभाग के साथ काम किया है।

तकनीकी बिड का मूल्यांकन जारी

वरिष्ठ परियोजना अभियंता रूबी रानी ने जानकारी दी कि तकनीकी बिड खोली जा चुकी है और अब सभी दस्तावेजों का गहन मूल्यांकन किया जा रहा है। जिन एजेंसियों के पास सभी आवश्यक तकनीकी दस्तावेज और पात्रता होगी, उन्हें सफल बोलीदाता घोषित किया जाएगा।

इसके बाद वित्तीय बिड खोली जाएगी, और जो कंपनी सबसे कम बोली लगाएगी, उसे इस ₹41 करोड़ की परियोजना का टेंडर सौंपा जाएगा।

 ₹41.08 करोड़ की लागत से होगा निर्माण

इस सड़क को सिक्स लेन में बदलने के लिए ₹41.08 करोड़ का बजट निर्धारित किया गया है। इसमें निम्नलिखित कार्य शामिल हैं:

  • मुख्य सड़क का चौड़ीकरण

  • नई साइड लेन (सर्विस लेन) का निर्माण

  • अतिक्रमण हटाना

  • जल निकासी की व्यवस्था

  • सड़क चिन्ह और सुरक्षा उपायों का समावेश

 सर्विस लेन से अतिक्रमण हटेगा

फिलहाल इस फोर लेन सड़क की सर्विस लेन पर अवैध कब्जे की समस्या है। मझौलिया से चांदनी चौक तक के हिस्से में कई गैरेज और भारी वाहन खड़े रहते हैं, जिससे ट्रैफिक और पैदल यात्रियों दोनों को परेशानी होती है।

सिक्स लेन सड़क बनते ही अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही शुरू कर दी जाएगी, जिससे ट्रैफिक के साथ-साथ सुरक्षा की स्थिति में भी सुधार होगा।

 रखरखाव का जिम्मा पथ निर्माण विभाग को

इस हाईवे को अब पथ निर्माण विभाग के अधीन कर दिया जाएगा, जिससे परियोजना की निगरानी, मरम्मत और रखरखाव का काम बेहतर तरीके से हो सकेगा। अभी इस हस्तांतरण की प्रक्रिया जारी है और भविष्य में सभी मेंटेनेंस कार्य राज्य सरकार के नियंत्रण में रहेंगे।

 प्रशासन और अधिकारियों की प्रतिक्रिया

मुजफ्फरपुर प्रशासन के अधिकारियों और शहरी योजना विशेषज्ञों ने इस परियोजना का स्वागत किया है।

“चांदनी चौक से भगवानपुर तक सिक्स लेन सड़क बनने से शहर की ट्रैफिक व्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव आएगा,” – जिला परिवहन अधिकारी

“इस तरह की परियोजनाएं स्मार्ट सिटी मिशन के लिए भी फायदेमंद हैं। इससे न केवल ट्रैफिक घटेगा, बल्कि वाणिज्यिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी।” – नगर योजना अधिकारी

 अनुमानित कार्य समयरेखा

हालांकि कार्य की शुरुआत टेंडर प्रक्रिया के बाद होगी, लेकिन अनुमानित समयरेखा इस प्रकार हो सकती है:

चरण संभावित तिथि
तकनीकी बिड का मूल्यांकन 20-22 जून 2025
वित्तीय बिड खोलना 23-25 जून 2025
कार्य आदेश जारी जुलाई 2025 के प्रथम सप्ताह
कार्य आरंभ जुलाई 2025 के मध्य तक
निर्माण पूरा होने की समयसीमा जून–जुलाई 2026 (12 माह)

क्यों जरूरी है यह परियोजना?

मुजफ्फरपुर एक प्रमुख व्यापारिक और परिवहन केंद्र है जो दरभंगा, समस्तीपुर, सीतामढ़ी, और पटना से जुड़ा हुआ है। चांदनी चौक–भगवानपुर मार्ग पर बढ़ता ट्रैफिक दबाव न केवल समय की बर्बादी करता है बल्कि आर्थिक नुकसान का भी कारण बनता है।

इस तरह के सड़क विकास परियोजनाएं बिहार के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और स्मार्ट शहर की परिकल्पना को साकार करने की दिशा में अहम भूमिका निभा रही हैं।

चांदनी चौक–भगवानपुर सिक्स लेन सड़क परियोजना मुजफ्फरपुर को भीषण जाम की समस्या से राहत दिलाने में मील का पत्थर साबित हो सकती है। ₹41 करोड़ के इस निवेश के साथ न केवल ट्रैफिक मैनेजमेंट बेहतर होगा, बल्कि क्षेत्र में आर्थिक और सामाजिक विकास को भी बल मिलेगा।

इस प्रकार के इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स ही बिहार को आधुनिकता की ओर ले जाने का आधार बन रहे हैं।

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