होमBiharBihar Weather Update: 25 जिलों में येलो अलर्ट, गर्मी और उमस से...

Bihar Weather Update: 25 जिलों में येलो अलर्ट, गर्मी और उमस से लोग होंगे परेशान

Published on

बिहार का मौसम एक बार फिर करवट लेता नजर आ रहा है। पिछले कुछ हफ्तों की लगातार बारिश के बाद अब Monsoon की रफ्तार धीमी पड़ गई है। India Meteorological Department यानी IMD ने राज्य के 25 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया है। हालांकि विभाग ने साफ किया है कि आने वाले दिनों में भारी Rainfall की संभावना नहीं है। बारिश थमने के साथ ही अब बढ़ती गर्मी और उमस लोगों को ज्यादा परेशान करेगी।

बिहार में थम रही है बारिश

मानसून की शुरुआत ने जुलाई और अगस्त के पहले हफ्तों में लोगों को राहत दी थी। लेकिन अब Bihar Weather का मिजाज बदल रहा है। अधिकांश इलाकों में Rainfall की गतिविधियां कम हो चुकी हैं। कई जिलों में तेज धूप लौट आई है और लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश जरूर दर्ज की जा रही है, लेकिन उसका असर राहत देने वाला नहीं है। बारिश के बावजूद उमस का स्तर बना हुआ है, जिससे दिन और रात दोनों असहज हो रहे हैं।

25 जिलों के लिए IMD का येलो अलर्ट

मौसम विभाग ने दरभंगा और मधुबनी समेत 25 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया है। इसका मतलब है कि इन इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और बादल छाने की संभावना है। विभाग के अनुसार 5 सितंबर तक भारी Rainfall कहीं भी नहीं होगी।

  • दरभंगा, मुजफ्फरपुर, पश्चिम चंपारण, भोजपुर और रोहतास जैसे जिलों में मध्यम बारिश की संभावना है।

  • पटना, गया, पूर्णिया, किशनगंज समेत 20 जिलों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है।

5 सितंबर तक नहीं होगी भारी बारिश

IMD के पूर्वानुमान के अनुसार राज्य में अगले हफ्ते तक मौसम में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा। आसमान अधिकतर साफ रहेगा और बादल केवल कभी-कभी छाएंगे। हल्की बारिश या बूंदाबांदी की स्थिति जरूर बनेगी, लेकिन वह इतनी नहीं होगी कि गर्मी और उमस से राहत मिले। इसका मतलब है कि Monsoon का असर अब कमजोर होता जा रहा है और मौसम शुष्क तथा गर्म होने की ओर बढ़ रहा है।

बढ़ेगा Temperature, बढ़ेगी परेशानी

मौसम विभाग ने कहा है कि अधिकतम Temperature 34 से 36 डिग्री सेल्सियस तक रहेगा। आने वाले दिनों में पारा करीब 3 डिग्री तक बढ़ सकता है। बढ़ते Temperature के साथ Humidity का स्तर भी ऊंचा रहेगा, जिससे लोगों को ज्यादा दिक्कत होगी। हल्की बारिश होने पर भी मौसम ठंडा नहीं होगा बल्कि उमस और पसीना और बढ़ेगा।

उमस ने बढ़ाई मुश्किलें

हाल की बारिश से वातावरण में नमी बनी हुई है। इस वजह से गर्मी कम होने के बजाय उमस बढ़ रही है। शहरों में रहने वाले लोगों को बिजली कटौती और AC तथा पंखे के ज्यादा इस्तेमाल की समस्या झेलनी पड़ रही है। ग्रामीण इलाकों में किसान खेतों में काम करते समय गर्मी और उमस से बेहाल हैं। धान की खेती करने वाले किसानों को लगातार पानी की जरूरत होती है, लेकिन कम Rainfall उनकी चिंता बढ़ा रही है।

सितंबर की शुरुआत में राहत नहीं

सितंबर के पहले हफ्ते में लोग राहत की उम्मीद कर रहे थे। लेकिन अब मौसम विभाग ने साफ कर दिया है कि Heavy Rainfall की संभावना नहीं है। केवल हल्की बूंदाबांदी होगी और तेज धूप से लोग बेहाल रहेंगे। यानी बिहार को सितंबर की शुरुआत गर्मी और उमस भरे मौसम के साथ करनी पड़ेगी।

स्वास्थ्य पर भी पड़ रहा असर

गर्मी और उमस से स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ने का खतरा है। डॉक्टर सलाह दे रहे हैं कि लोग ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं और धूप में ज्यादा देर न रहें। डिहाइड्रेशन, लू और वायरल इंफेक्शन का खतरा इस मौसम में ज्यादा रहता है। बुजुर्गों और बच्चों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।

शहरी और ग्रामीण जीवन पर असर

पटना, गया और मुजफ्फरपुर जैसे बड़े शहरों में बिजली की मांग अचानक बढ़ गई है। वहीं गांवों में किसान चिंता में हैं कि धान की फसल को पर्याप्त पानी नहीं मिल पाएगा। अगर Rainfall कम रहा तो इसका सीधा असर उत्पादन पर पड़ सकता है।

जलवायु में बदलाव की तस्वीर

विशेषज्ञों का कहना है कि बिहार में इस साल भी मानसून का पैटर्न असमान रहा है। जुलाई में जहां कई इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बनी, वहीं अब सितंबर की शुरुआत में बारिश बिल्कुल कम हो रही है। यह बदलाव जलवायु असंतुलन और Monsoon के अनिश्चित पैटर्न की ओर इशारा करता है।

Read this article in

KKN लाइव WhatsApp पर भी उपलब्ध है, खबरों की खबर के लिए यहां क्लिक करके आप हमारे चैनल को सब्सक्राइब कर सकते हैं।

KKN Public Correspondent Initiative


Discover more from

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Latest articles

मीनापुर में जदयू का ‘संवाद’ या संगठन के भीतर उठती बेचैनी?

मनीष वर्मा के सामने खुली कार्यकर्ताओं की परत-दर-परत पीड़ा KKN ब्यूरो। मीनापुर में रविवार का...

ट्रंप के दौर में क्या अमेरिका की वैश्विक साख घटी? आंकड़े क्या कहते हैं

KKN ब्यूरो। एक समय था जब दुनिया के किसी संकट पर एक सवाल लगभग...

एक सच, दो नज़रिया: दिमाग की गलती, समाज का असर या सोच का खेल?

क्यों एक ही तथ्य किसी को अवसर लगता है, तो किसी को खतरा? क्या...

विश्वकर्मा पूजा: मशीन पर फूल चढ़ाने की परंपरा या इंसान के हुनर को सलाम?

ऋग्वेद के ‘विश्वकर्मन्’ से आधुनिक कारखाने तक पहुंची परंपरा में आखिर छिपा संदेश क्या...

More like this

एक सच, दो नज़रिया: दिमाग की गलती, समाज का असर या सोच का खेल?

क्यों एक ही तथ्य किसी को अवसर लगता है, तो किसी को खतरा? क्या...

मीनापुर की जुड़वा बहनों ने CSIR-NET में लहराया परचम, शनाया को ऑल इंडिया 92वीं रैंक

मुजफ्फरपुर के मीनापुर प्रखंड की जुड़वा बहनों शनाया निशांत और शोनाया निशांत ने CSIR-NET...

बिहार की सड़कें बन गईं मौत की सड़क? 5 साल में 34% बढ़े हादसे, 9,347 लोगों की गई जान

आंकड़ों का एक्स-रे: दुर्घटनाएं बढ़ीं, मौतें उससे भी तेज बढ़ीं KKN ब्यूरो। एक सड़क। एक...

लग गया ट्रांसफार्मर; किसानों की लड़ाई रंग लाई

जिस समस्या के समाधान की उम्मीद किसानों ने लगभग छोड़ दी थी, आखिरकार उसी...

बिहार की बाढ़: पानी उतर जाएगा, लेकिन कब तक पटरी पर लौटेंगी लोगों की जिंदगी?

क्या बाढ़ आने के बाद नाव भेज देना, राहत शिविर खोल देना और कुछ...

ध्वनि प्रदूषण: जुलूस आगे बढ़ता रहा… लेकिन, कानों में पड़ने वाला शोर वहीं रह गया

डीजे की धुन पर नाचते बच्चों को देखकर भीड़ तालियां बजाती है। किसी को...

क्या नकारात्मक सोच इंसान को उसी अंधेरे में धकेल देती है, जिसे वह दुनिया में खोज रहा होता है?

हर घटना में षड्यंत्र, हर परंपरा में खामी, हर व्यक्ति में स्वार्थ और हर...

डैम, मानव सभ्यता की प्यास बुझाने वाला वरदान या आने वाली पीढ़ियों के लिए खड़ा किया जा रहा जल-खतरा?

नदियों को बांधकर इंसान ने पानी, बिजली और खेती पर नियंत्रण हासिल किया। लेकिन...

बिहार की जेन-जी के सामने सबसे बड़ा सवाल: नौकरी मिलेगी या भविष्य बदलेगा?

सम्राट चौधरी सरकार ने युवाओं के लिए रोजगार, कौशल, शिक्षा, इंटर्नशिप और परीक्षा सुधार...

मीनापुर में बनेगा शहीद स्मृति पार्क, रामपुरहरि में प्रस्तावित है भव्य तोरण द्वार

अमर शहीद जुब्बा सहनी, वांगुर सहनी और पंडित सहदेव झा समेत स्वतंत्रता सेनानियों की...

मीनापुर में भूमि सर्वेक्षण: जमीन आपकी, लेकिन रिकॉर्ड में किसका नाम?

पुराने खतियान, बदली हुई चौहद्दी और अधूरे उत्तराधिकार के बीच रैयतों के सामने नई...

मीनापुर में गूंजा जश्न-ए-आजादी: शहीद स्मृति पार्क और भव्य तोरण द्वार बनाने का ऐलान

क्रांति महोत्सव-2026 में विधायक अजय कुमार ने की घोषणा, विधान पार्षद वंशीधर ब्रजवासी बोले—राजकीय...

बांकीपुर: कैसे टूटा भाजपा का अभेद्य किला, क्यों बना प्रशांत किशोर बिहार की राजनीति का नया केंद्र?

KKN ब्यूरो। बिहार की राजनीति में कई चुनाव हुए, कई सरकारें बनीं और बदलीं।...

बांकीपुर का उपचुनाव: एक सीट की लड़ाई या बिहार की राजनीति का टर्निंग पॉइंट?

एक सीट... लेकिन पूरे बिहार की निगाहें क्यों? KKN ब्यूरो। भारतीय लोकतंत्र में कुछ चुनाव...

बिहार में भूमि सर्वेक्षण और भूमाफिया का कॉकटेल?

क्या रिकॉर्ड सुधार की मुहिम में सेंध लगा रहे हैं फर्जी दावेदार KKN ब्यूरो। जमीन...