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बिहार के सभी मतदाताओं को मिलेगा नया EPIC कार्ड, एक सितंबर तक देना होगा नया फोटो

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बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले राज्य के हर मतदाता को नया EPIC कार्ड (मतदाता पहचान पत्र) दिया जाएगा। इस कार्य के लिए चुनाव आयोग द्वारा मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया तेज़ी से पूरी की जा रही है। पहले चरण में प्रारंभिक तैयारियों के बाद अब यह प्रक्रिया दूसरे चरण में प्रवेश कर चुकी है। इसमें प्रारूप मतदाता सूची का प्रकाशन किया गया है और अब दावा एवं आपत्ति की प्रक्रिया जारी है, जो 1 सितंबर 2025 तक पूरी होगी।

इस दौरान सभी मतदाताओं को अपनी जानकारी की पुष्टि करनी होगी और Voter Photo Update करवाना अनिवार्य होगा। मतदाता अगर चाहते हैं कि उनके नए EPIC में नई तस्वीर शामिल हो, तो उन्हें निर्धारित समय सीमा के भीतर ही अपनी फोटो संबंधित दस्तावेजों के साथ जमा करनी होगी।

मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन 30 सितंबर को होगा

एक सितंबर को दावा-आपत्ति की प्रक्रिया के समाप्त होते ही चुनाव आयोग अंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन की तैयारी में जुट जाएगा। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, यह सूची 30 सितंबर 2025 को जारी की जाएगी। इसके बाद, मतदाता इसी सूची के आधार पर मतदान कर सकेंगे।

हालांकि, आयोग ने अब तक New EPIC Card Distribution को लेकर कोई निश्चित तिथि घोषित नहीं की है, लेकिन यह स्पष्ट किया गया है कि सभी पात्र मतदाताओं को नए पहचान पत्र समय पर उपलब्ध करा दिए जाएंगे।

फोटो और दस्तावेज जमा करना अनिवार्य

नए EPIC कार्ड में अद्यतन फोटो लगाने के लिए मतदाताओं को अपने नजदीकी बीएलओ (Booth Level Officer) को नई तस्वीर और आवश्यक दस्तावेज सौंपने होंगे। BLO इस फोटो को मतदाता के EPIC नंबर से लिंक करते हुए अपलोड करेंगे।

जो मतदाता तकनीकी रूप से सक्षम हैं, वे चाहें तो ऑनलाइन पोर्टल पर भी अपनी फोटो और दस्तावेज स्वयं अपलोड कर सकते हैं। यह प्रक्रिया पारदर्शिता और सुविधा को ध्यान में रखते हुए विकसित की गई है।

कई मतदाताओं को फिर से दस्तावेज जमा करने की सूचना

हाल के दिनों में कई मतदाताओं को यह सूचना मिली है कि उन्हें दोबारा दस्तावेज जमा करने होंगे। जबकि उन्होंने पहले ही गणना फॉर्म के साथ अपने दस्तावेज BLO को सौंप दिए थे। इसके बावजूद उन्हें ऑनलाइन पोर्टल से फिर से दस्तावेज अपलोड करने का संदेश मिला है।

इस स्थिति में वे मतदाता एक बार फिर से BLO से संपर्क करने के लिए बाध्य हो रहे हैं। इससे यह साफ हो रहा है कि तकनीकी और प्रक्रिया से जुड़े कुछ व्यावहारिक मुद्दे अब भी मौजूद हैं।

तकनीकी गड़बड़ियों के चलते मतदाता परेशान

Online Voter Services के दौरान कई मतदाताओं को यह देखने को मिला कि उनके द्वारा पहले से अपलोड किए गए दस्तावेज पोर्टल पर दर्ज नहीं हुए हैं। सर्वर की धीमी गति, असंगत जानकारी या तकनीकी गड़बड़ी के कारण ये समस्याएं सामने आई हैं।

चुनाव आयोग ने ऐसे मामलों में संबंधित मतदाताओं को सलाह दी है कि वे BLO से दोबारा संपर्क करें और ज़रूरत पड़ने पर दस्तावेज पुनः जमा करें। साथ ही आयोग सभी BLO और सुपरवाइजरों को प्रक्रिया को तेज़ और पारदर्शी बनाने के लिए विशेष प्रशिक्षण दे रहा है।

राजनीतिक दलों की ओर से आपत्तियाँ नहीं

अब तक प्राप्त जानकारी के अनुसार, ड्राफ्ट वोटर लिस्ट 2025 पर किसी भी राजनीतिक दल ने कोई बड़ी औपचारिक आपत्ति नहीं दर्ज की है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि वे राजनीतिक निष्पक्षता के सिद्धांत पर कार्य कर रहे हैं और सभी मतदाताओं को उचित अवसर दिया जाएगा।

साथ ही आयोग ने BLO और Supervisors के लिए मानदेय बढ़ाने की भी घोषणा की है, ताकि वे और ज़िम्मेदारी से काम कर सकें।

मतदाताओं को क्या करना चाहिए

हर मतदाता को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनके पास मौजूद मतदाता पहचान पत्र अद्यतन हो। इसके लिए उन्हें निम्नलिखित कार्य करने होंगे:

  • 1 सितंबर 2025 से पहले नया फोटो और दस्तावेज BLO को देना

  • या ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से खुद अपलोड करना

  • प्रारूप मतदाता सूची में अपना नाम और विवरण जांचना

  • अगर कोई त्रुटि है तो दावा या आपत्ति दर्ज कराना

इस प्रक्रिया के बाद ही Updated EPIC Card जारी किए जाएंगे।

बिहार विधानसभा चुनाव के पहले मतदाता सूची में सुधार और EPIC Card Update की यह प्रक्रिया न केवल चुनावी पारदर्शिता बढ़ाएगी, बल्कि मतदान व्यवस्था को भी सुगम बनाएगी।

जो भी मतदाता 1 सितंबर तक नया फोटो और दस्तावेज नहीं देंगे, उन्हें अपडेटेड EPIC मिलने में बाधा आ सकती है। इसलिए ज़रूरी है कि सभी मतदाता समय पर आवश्यक कार्रवाई करें और लोकतांत्रिक प्रक्रिया में अपनी भूमिका को सुनिश्चित करें।

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