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यूपी में किसानो को मिली राहत

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यूपी। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में हुई पहली कैबिनेट बैठक में आज कई अहम निर्णय लिए गये। बैठक डेढ़ घंटे चली। उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के दो करोड से अधिक लघु एवं सीमांत किसानों का एक लाख रुपये तक का फसली कर्ज माफ करने का महत्वपूर्ण फैसला किया। इस फैसले से प्रदेश के राजकोष पर 36359 करोड रुपये का बोझ आएगा।
उत्तर प्रदेश में लगभग दो करोड 30 लाख किसान हैं, जिनमें से 92.5 प्रतिशत यानी 2.15 करोड लघु एवं सीमांत किसान हैं। इनमे से सिर्फ 86 लाख लघु एवं सीमांत किसानों का कर्ज माफ़ किया गया है। कुल 30,729 करोड रुपये का कर्ज माफ किया गया है। एक लाख रूपये तक का ऋण उनके खाते से माफ किया जाएगा। साथ ही सात लाख किसान और हैं, जिन्होंने कर्ज लिया था और उसका भुगतान नहीं कर सके। ऐसे किसानों को भी मुख्य धारा में लाने के लिए उनके कर्ज का 5630 करोड रुपये माफ किया गया है। इस तरह कुल मिलाकर किसानों का 36,359 करोड़ रुपये का कर्ज माफ किया गया है।
राज्य में पांच हजार गेहूं खरीद केन्द्रों के जरिए 80 लाख टन गेहूं की सीधी खरीद का फैसला किया है। सरकार ने 80 लाख टन गेहूं खरीद का लक्ष्य रखा है। किसानों को उनके गेहूं के लिए 1625 रूपये प्रति क्विंटल का न्यूनतम समर्थन मूल्य मिलेगा और  इसके अतिरिक्त दस रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से ढुलाई और लदाई का भी दिया जाएगा।

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