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पिछड़ा वर्ग आयोग को मिलेगा संवैधानिक दर्जा

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नई दिल्ली
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केन्द्र सरकार द्वारा सामाजिक एवं शैक्षिक रूप से पिछड़े वर्ग के लिए नवघोषित आयोग को संवैधानिक दर्जा देने का फैसला लिया गया है। कहा गया है कि संविधान के उद्देश्य एवं अनुच्छेद के अनुरूप अभी तक पिछड़े वर्ग के लिए ठोस कोई काम नहीं किया था। काका काकेलकर कमीशन और मंडल आयोग की रिपोर्ट के बाद भी उनके सुझावों पर महज राजनीति होती रही और कोई संज्ञान नहीं लिया गया। यही कारण रहा कि देश में सभी वर्गों को न्याय का पूर्ण अवसर नहीं मिला। कहा कि संसद की विभिन्न कमेटियों ने भी कई बार अनुमोदन किया कि पिछड़ा वर्ग आयोग को संवैधानिक दर्जा दिया जाए।

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