होमBiharमौसम अपडेट : बिहार में बढ़ेगी ठंड और कोहरा, अगले 5 दिनों...

मौसम अपडेट : बिहार में बढ़ेगी ठंड और कोहरा, अगले 5 दिनों का मौसम पूर्वानुमान

Published on

जैसे ही दिसंबर का महीना आया, बिहार में ठंड बढ़ने लगी है। मौसम विभाग के अनुसार, इस समय बिहार में दिन के तापमान में मामूली बदलाव देखने को मिलेगा, लेकिन रातें धीरे-धीरे और ठंडी होती जाएंगी। सुबह और देर शाम हल्की ठंड के साथ शीतलहर जैसी स्थिति बन सकती है। इसके साथ ही राज्य के कुछ हिस्सों में कोहरे का असर भी बढ़ेगा, जो यात्रियों के लिए परेशानी का कारण बन सकता है।

बिहार में कोहरे का असर

दिसंबर आते ही बिहार के कई जिलों में ठंड का असर बढ़ने लगा है। खासकर पटना, पूर्णिया, किशनगंज, अररिया, पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, समस्तीपुर और बेगूसराय जैसे जिलों के कुछ हिस्सों में सुबह के वक्त कोहरा देखने को मिला। कोहरे के कारण सड़कों पर दृश्यता कम होने से यात्रियों को कठिनाई का सामना करना पड़ा। आने वाले कुछ दिनों में यह कोहरा और अधिक प्रभावी हो सकता है।

बढ़ती ठंड और कोल्ड वेव का खतरा

मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के कारण राज्य में तापमान में गिरावट आ रही है। अगले चार से पांच दिनों में ठंड और बढ़ने का अनुमान है, और न्यूनतम तापमान 3 डिग्री तक गिर सकता है। उत्तर बिहार के कई जिलों में कोहरे का असर ज्यादा देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि इस बार दिसंबर में पिछले साल की तुलना में ज्यादा ठंड पड़ेगी। सर्द हवाएं इस बार कड़ाके की ठंड का कारण बन सकती हैं और राज्य में कोल्ड वेव का सामना भी करना पड़ सकता है।

अगले पांच दिनों का मौसम पूर्वानुमान

मौसम विभाग के मुताबिक, अगले पांच दिनों तक बिहार में मौसम शुष्क रहेगा। हालांकि, राज्य के उत्तर-पश्चिमी और पूर्वी हिस्सों में ठंडी हवाओं के कारण सुबह और शाम में ठंड अधिक महसूस हो सकती है। आने वाले दो दिनों में राज्य के कुछ इलाकों में हल्का से मध्यम कोहरा भी हो सकता है। वहीं, अगले चार से पांच दिनों तक अधिकतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, लेकिन न्यूनतम तापमान अगले 48 घंटों में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है। इसके बाद तापमान सामान्य स्तर पर रहेगा। मौसम विभाग ने लोगों से सलाह दी है कि वे सुबह और शाम विशेष सावधानी बरतें और ठंड से बचने के उपाय करें।

पिछले 24 घंटे का मौसम हाल

पिछले 24 घंटों के दौरान बिहार का मौसम पूरी तरह शुष्क रहा। राज्य के किसी भी हिस्से में बारिश दर्ज नहीं की गई। अधिकतम तापमान 25 से 28 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा, जिसमें सबसे अधिक तापमान 28 डिग्री सेल्सियस मोतिहारी में रिकॉर्ड किया गया। वहीं, न्यूनतम तापमान 11.8 डिग्री सेल्सियस (किशनगंज) से लेकर 17.7 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। कई जिलों में तापमान में किसी खास उतार-चढ़ाव का अनुभव नहीं हुआ।

धुंध की स्थिति के तहत पूर्णिया में न्यूनतम दृश्यता 500 मीटर तक दर्ज की गई, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। मौसम में बदलाव और कोहरे की स्थिति से साफ है कि आने वाले दिनों में ठंड और अधिक बढ़ सकती है।

बिहार में कोल्ड वेव का अलर्ट

मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि इस साल बिहार में ठंड का असर पिछले साल की तुलना में अधिक रहेगा। कोल्ड वेव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है, जिससे सर्द हवाएं और कड़ाके की ठंड महसूस होगी। विशेष रूप से सुबह और शाम के समय ठंड में बढ़ोतरी हो सकती है।

उत्तर बिहार के कई जिलों में ठंड और कोहरे का असर ज्यादा होगा। इसलिए, इस समय खास ध्यान देने की जरूरत है, खासकर उन लोगों के लिए जो सुबह और शाम के वक्त बाहर यात्रा करते हैं। कोल्ड वेव और ठंडी हवाओं के कारण तापमान में गिरावट का अनुभव हो सकता है।

ठंड से बचाव के उपाय

बिहार में बढ़ती ठंड और कोहरे के बीच, खासकर यात्रियों को सावधानी बरतने की आवश्यकता है। दृश्यता कम होने के कारण सड़क हादसों का खतरा बढ़ सकता है। इसलिए, यात्रा करते समय गति को धीमा रखें और ट्रैफिक नियमों का पालन करें। साथ ही, ठंड से बचने के लिए गर्म कपड़े पहनें और खासकर बच्चों और बुजुर्गों को बाहर जाने से बचने की सलाह दी जाती है।

कोल्ड वेव के दौरान, स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा भी बढ़ सकता है, जैसे कि जुकाम, फ्लू और अन्य सर्दी संबंधित बीमारियां। इसलिए, बेहतर होगा कि लोग अपनी सेहत का ध्यान रखें और समय-समय पर गर्म पेय पदार्थ लें। इसके अलावा, सूती कपड़े पहनने की बजाय ऊनी कपड़े पहनना बेहतर होगा ताकि शरीर की गर्मी बनी रहे।

बिहार में दिसंबर का महीना आते ही ठंड का असर बढ़ गया है। आगामी कुछ दिनों में तापमान में गिरावट आ सकती है, और राज्य में कोल्ड वेव का सामना किया जा सकता है। उत्तरी बिहार के इलाकों में कोहरे का असर बढ़ेगा, जिससे यात्रा करना और भी मुश्किल हो सकता है। मौसम विभाग ने सभी को ठंड से बचाव के लिए सावधानी बरतने की सलाह दी है, खासकर सुबह और शाम के समय।

इस बार दिसंबर में अधिक ठंड की संभावना है, और ठंडी हवाएं और कोल्ड वेव लोगों को परेशान कर सकती हैं। राज्यवासियों को इससे निपटने के लिए तैयार रहना होगा और उचित कदम उठाकर स्वास्थ्य और सुरक्षा सुनिश्चित करनी होगी।

Read this article in

KKN लाइव WhatsApp पर भी उपलब्ध है, खबरों की खबर के लिए यहां क्लिक करके आप हमारे चैनल को सब्सक्राइब कर सकते हैं।

KKN Public Correspondent Initiative


Discover more from

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Latest articles

हिंद केसरी यादव: मीनापुर की राजनीति में वह नाम, जिसने आंदोलन को सड़क से सदन तक पहुंचाया

पांचवीं पुण्यतिथि पर दरहीपट्टी में श्रद्धांजलि सभा, वक्ताओं ने कहा—अधूरे कार्यों को आगे बढ़ाना...

मीनापुर की महिलाएं घर चलाने में कितना योगदान देती हैं? गांव की छिपी अर्थव्यवस्था का सच

मीनापुर की अर्थव्यवस्था का आधा हिस्सा शायद दिखाई ही नहीं देता मीनापुर की अर्थव्यवस्था का...

क्या अमेरिका पर भरोसा करने का दौर खत्म हो रहा है? भारत की नई चुनौती

दुनिया की राजनीति में अमेरिका की ताकत पर शायद ही कोई सवाल उठाता है,...

बागमती की पुरानी धारा फिर जगी तो मीनापुर में क्या बदलेगा? बाढ़ से राहत या नई मुसीबत—बेलवा डैम से बूढ़ी गंडक तक

मीनापुर के लिए यह सिर्फ नदी की खुदाई नहीं है मीनापुर में बागमती की पुरानी...

More like this

मीनापुर की महिलाएं घर चलाने में कितना योगदान देती हैं? गांव की छिपी अर्थव्यवस्था का सच

मीनापुर की अर्थव्यवस्था का आधा हिस्सा शायद दिखाई ही नहीं देता मीनापुर की अर्थव्यवस्था का...

बागमती की पुरानी धारा फिर जगी तो मीनापुर में क्या बदलेगा? बाढ़ से राहत या नई मुसीबत—बेलवा डैम से बूढ़ी गंडक तक

मीनापुर के लिए यह सिर्फ नदी की खुदाई नहीं है मीनापुर में बागमती की पुरानी...

मीनापुर के युवा बाहर क्यों जा रहे हैं? गांव से महानगर तक जानिए पलायन की पूरी दास्तान

सवाल सिर्फ नौकरी का नहीं, घर छोड़ने की मजबूरी का है मीनापुर के किसी गांव...

विधानसभा में उठेगा ग्रामीण पत्रकारों की सुरक्षा और पेंशन का मुद्दा, पारू व लालगंज विधायकों ने दिया भरोसा

मीडिया फॉर बॉर्डर हार्मोनी के ‘हमारी आवाज’ कार्यक्रम में पत्रकारों ने सर्वसम्मति से पारित...

बिहार का पलायन: क्या रोज़गार की तलाश में निकलती पीढ़ियां कभी लौटेंगी?

बिहार के किसी छोटे से गांव में शाम ढलते ही अगर आप बस अड्डे,...

कहां गुम हो रही हैं बिहार की बेटियां?

गुमशुदगी का आंकड़ा गंभीर है एक लड़की घर से निकलती है। परिवार समझता है कि...

बिहार में बारिश और तेज हवा ने फिर बदला मौसम का मिजाज, 26 जिलों में अलर्ट; आखिर कब थमेगा यह सिलसिला?

आसमान में बादल हैं। रुक-रुक कर बारिश लगातार हो रही है, अचानक तेज बौछार...

क्या एक विधायक पांच साल में अपने क्षेत्र की तस्वीर बदल सकता है?

KKN ब्यूरो। विधायक के पास अपने विधानसभा क्षेत्र के लिए 5 वर्षों में 20...

एक सच, दो नज़रिया: दिमाग की गलती, समाज का असर या सोच का खेल?

क्यों एक ही तथ्य किसी को अवसर लगता है, तो किसी को खतरा? क्या...

मीनापुर की जुड़वा बहनों ने CSIR-NET में लहराया परचम, शनाया को ऑल इंडिया 92वीं रैंक

मुजफ्फरपुर के मीनापुर प्रखंड की जुड़वा बहनों शनाया निशांत और शोनाया निशांत ने CSIR-NET...

बिहार की सड़कें बन गईं मौत की सड़क? 5 साल में 34% बढ़े हादसे, 9,347 लोगों की गई जान

आंकड़ों का एक्स-रे: दुर्घटनाएं बढ़ीं, मौतें उससे भी तेज बढ़ीं KKN ब्यूरो। एक सड़क। एक...

लग गया ट्रांसफार्मर; किसानों की लड़ाई रंग लाई

जिस समस्या के समाधान की उम्मीद किसानों ने लगभग छोड़ दी थी, आखिरकार उसी...

बिहार की बाढ़: पानी उतर जाएगा, लेकिन कब तक पटरी पर लौटेंगी लोगों की जिंदगी?

क्या बाढ़ आने के बाद नाव भेज देना, राहत शिविर खोल देना और कुछ...

ध्वनि प्रदूषण: जुलूस आगे बढ़ता रहा… लेकिन, कानों में पड़ने वाला शोर वहीं रह गया

डीजे की धुन पर नाचते बच्चों को देखकर भीड़ तालियां बजाती है। किसी को...

क्या नकारात्मक सोच इंसान को उसी अंधेरे में धकेल देती है, जिसे वह दुनिया में खोज रहा होता है?

हर घटना में षड्यंत्र, हर परंपरा में खामी, हर व्यक्ति में स्वार्थ और हर...