Home World सीरिया में जारी है यौन हिंसा की दहलाने वाली दास्तान

सीरिया में जारी है यौन हिंसा की दहलाने वाली दास्तान

सीरिया। सीरिया के जेल में बंद लोगों के साथ हो रही यौन हिंसा की कुछ ऐसी दिल दहलाने वाली कहानियां सामने आई है कि सुन कर आपके होश उड़ जायेगा। बीबीसी ने ऐसे ही पूर्व में हिरासत में लिए गए लोगों से बात की, जिनकी कहानियां काफी दर्दनाक थी। रिपोर्ट में कहा गया है कि एक व्यक्ति ने महिला को तहखाने के किनारे पर देखा, कुछ लोग उस महिला का बलात्कार कर रहे थे और उसके शरीर के खून निकल रहा था।
प्रत्यक्षदर्शियों के हवाले से बताया गया है कि एक महिला की योनि में चूहा को डाल दिया था। वह महिला बेइंतिहा चिल्ला रही थी। उसके बाद प्रत्यक्षदर्शी ने फर्श पर खून बिखरा हुआ देखा। इसके बाद महिला से पूछा गया कि क्या ये तुम्हारे लिए काफी है? वह उसे चिढ़ा रहे थे। महिला बहुत दुखी थी और दर्द से कराह भी रहा थी। इस घटना के बाद वह महिला हिल भी नहीं पा रही थी और यातनाएं देने वाले उसके साथ मजे ले रहे थे।
बतातें चलें कि प्रत्यक्षदर्शी एक मानवाधिकार समूह में काम करता था और इसे पिछले साल नवंबर के महीने में ही गिरफ्तार किया गया था। इस प्रत्यक्षदर्शी का कहना था कि उसे पकड़ने वाले लोगों ने उस पर हथियारों की तस्करी करने और विदेशी मीडिया को यहां की फुटेज देने की बात स्वीकार करने का दबाव बना रहे थे। बात नही मानने पर उसे बूरी तरीके से पीटते थे और कई अपमानजनक हरकते भी करतें थे। पूर्व में कैदी रहे इस व्यक्ति का कहना था जो अधिकारी उसके साथ भी बलात्कार करते थे। ताज्जुब की बात ये कि पूरा घटना वहा मौजूद दूसरा अधिकारी देख रहा था लेकिन वह चुप था। जेल में ही एक किशोर लड़के को भी लाया गया और उसका भी बलात्कार किया गया। जब उसके साथ दुराचार होता, वह लड़का अपनी मां को याद करता रहता था। इन जेलों या यातना गृह से जो लोग जीवित निकल कर आयें हैं, वह सभी यही कहते है कि सीरिया में यहएक ऐसी जगह है, जहां आपकी आवाज़ कोई नहीं सुनता और कोई आपसे मिलने नहीं आता है। ह्यूमन राइट्स वॉच का कहना है कि ऐसे मामलों में लोगों को कलंक लगने का डर लगता है इसलिए पीड़ित सामने भी नहीं आते हैं। हालांकि, इस तरह के सभी आरोपो को सीरिया की सरकार खारिज करती रही है।

KKN लाइव WhatsApp पर भी उपलब्ध है, खबरों की खबर के लिए यहां क्लिक करके आप हमारे चैनल को सब्सक्राइब कर सकते हैं।

KKN Public Correspondent Initiative

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version