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युवाओ की पुरी हुई हसरत, गांव में कर सकेंगे कसरत

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​मीनापुर में गोल्डेन जिम सेंटर का उद्घाटन

मुजफ्फरपुर-शिवहर के बीच ग्रामीण इलाको का पहला होगा जिम

बढते वजन से मिलेगी छुटकारा

 

संतोष कुमार गुप्ता

मीनापुर । मीनापुर प्रखण्ड का पहला जिम सेंटर मुस्तफागंज बाजार पर रविवार को खुल गया। मुजफ्फरपुर-शिवहर के बीच गांव मे खुलने वाला यह पहला जिम होगा। अत्याधुनिक व्यवस्थाओ से सुसज्जित गोलडेन जिम सेंटर का उद्घाटन भाजपा के पूर्व विस प्रत्याशी अजय कुमार ने किया। उन्होने कहा कि यह जिम गांव के लोगो के लिये मील का पत्थर साबित होगा। मुख्य अतिथि पैक्स अध्यक्ष शिवचंद्र प्रसाद ने कहा कि गांवो मे मोटापा के कारण लोग परेशान है.व्यायाम नही होने के कारण लोग मधुमेह व उच्च रक्तचाप सहित अन्य बिमारियो से ग्रसित है। किंतु जिम खुलने से युवा ही नही 40 पार के लोगो का भी स्वास्थ्य ठीक रहेगा। जिम के संस्थापक डॉ मृत्युंजंय कुमार सिंहा ने बताया कि जिम मे ट्रेडमिल,इनक्लाइन,बेंच प्रेस,लेग प्रेस,मल्टी जीम,पीचर बेंच,डिक्लाइन सीट अप,डबल मल्टी बेंच व बार बॉल आदि सुविधाऐ उपलब्ध है। मौके पर मोइम अंसारी,महाकांत मिश्र,सुरेंद्र राय,रजनिशकांत प्रियदर्शी,रिपुंजय कुमार सिंहा,अभिषेक मणी व कार्तिक मणी आदि मौजूद थे।
क्यो जरूरत है इसकी

बढ़ता वजन आजकल हर किसी के लिए परेशानी का कारण बन चुका है।  इस भाग-दौड़ भरी ज़िन्दगी में घर, नौकरी दोनों को सम्भालते हुए अक्सर ही लोग खुद की सेहत को नज़रअंदाज़ कर देते हैं।  नतीजतन, धीरे धीरे मोटापा उन्हें घेरने लगता है.किंतु अब लोगो को जिम से फायदा होगा।
यह है फायदे

स्किपिंग रोप– वजन को नियंत्रित करने और स्टेमिना बढ़ाने में रस्सी कूदना बहुत फायदेमंद होता है। रस्सी कूदना बेहद तेजी से कैलोरी बर्न करता है।
फ़्लैट बैंच– फ़्लैट बैंच का प्रयोग शरीर के ऊपरी हिस्से और पेट की एक्सरसाइज के लिए होता है।
डम्बल्स– डंबल्स, का प्रयोग शरीर के ऊपरी हिस्से, हाथों, भुजाओं, कन्धों, छाती के लिए किया जाता है। साथ ही पूरे शरीर पर भी काम करते हैं। यह छाती, भुजाओं और कन्धों की मांशपेशयों के सुगढ़ बनाने में मददगार होते हैं।
स्टेब्लिटी बॉल– ज्यादातर पेट कम करने के लिए प्रयोग की जाने वाली स्टेबिलिटी बॉल पूरे शरीर पर और वजन घटाने के लिए प्रयोग की जाती है।
केटलबेल– केटलबेल पूरे शरीर के लिए एक अच्छा चुनाव है और यह रंध्र (टेंडन्स) और स्नायुबंधन (लिंगामेंट्स) पर विशेष तौर पर काम करता है। मांशपेशियों को मजबूत बनाने के लिए बहुत अच्छा उपकरण है।
योगा मैट– भले ही योगा मैट, एक उपकरण न हो, लेकिन एक्सरसाइज में यह भी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है. योगा मैट के जरिये, एब्स और क्रंच समेत अनेकों प्रकार की एक्सरसाइज की जा सकती हैं।
सस्पेंसन ट्रेनर– यह खास तौर पर, धड़ के नीचले हिस्से के लिए प्रयोग किया जाता है, लेकिन इसके अलावा, यह ऊपरी हिस्से और सिक्स पैक एब्स बनाने में भी काम आता है।

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