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अमित शाह का राहुल गांधी पर हमला: पीएम मोदी और उनकी मां पर अपशब्द कहने पर मांगनी चाहिए माफी

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केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि बिहार में चल रही Voter Adhikar Yatra के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी दिवंगत मां के खिलाफ अपशब्द कहे गए हैं, जिसके लिए राहुल गांधी को माफी मांगनी चाहिए। शाह ने यह भी कहा कि कांग्रेस की गालियां BJP के कमल  को खिलने से नहीं रोक सकतीं।

शाह का सीधा हमला

असम राजभवन की नई ब्रह्मपुत्र इकाई का उद्घाटन करने के बाद शाह ने कहा कि अगर राहुल गांधी में “थोड़ी भी शर्म बची है” तो उन्हें तुरंत देश से माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस की राजनीति अब “निम्नतम स्तर” पर पहुंच चुकी है और जनता राहुल गांधी व उनकी पार्टी को नफरत की नजर से देख रही है।

शाह ने याद दिलाया कि गुरुवार को भी भाजपा के कई वरिष्ठ नेताओं ने लोकसभा में राहुल गांधी पर इसी मामले को लेकर निशाना साधा था।

दरभंगा का विवादित वीडियो

पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब दरभंगा से एक वीडियो सामने आया। इसमें एक अज्ञात व्यक्ति राहुल गांधी की सभा के मंच से पीएम मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग करता दिखा। इसी मंच से राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा और तेजस्वी यादव मोटरसाइकिल पर बैठकर मुजफ्फरपुर के लिए रवाना हुए थे।

भाजपा का कहना है कि इस तरह के बयान महज संयोग नहीं हैं बल्कि कांग्रेस की सोच को दर्शाते हैं। शाह ने इसे लोकतंत्र की मूल भावना पर हमला बताया।

“घुसपैठिया बचाओ यात्रा”

अमित शाह ने राहुल गांधी की यात्रा को Ghuspethiya Bachao Yatra करार दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का मकसद केवल अपने वोट बैंक को सुरक्षित रखना है, जबकि देश की सुरक्षा उसके एजेंडे में नहीं है।

शाह ने सवाल उठाया – “लोकतंत्र की आत्मा चुनाव हैं। लेकिन अगर घुसपैठियों को व्यवस्था बिगाड़ने की छूट दी जाए तो देश कैसे सुरक्षित रह पाएगा?”

“गालियां कमल को नहीं रोक सकतीं”

शाह ने कहा कि पीएम मोदी को दुनिया भर में सराहा जा रहा है। उनके नेतृत्व में भारत की छवि मजबूत हुई है।

उन्होंने कहा, “कांग्रेस चाहे जितनी गालियां दे ले, लेकिन कोई भी गाली कमल  को खिलने से नहीं रोक सकती।”

असम में उद्घाटन कार्यक्रम

राजनीतिक हमलों से पहले शाह ने असम राजभवन की नई ब्रह्मपुत्र इकाई का उद्घाटन किया। उन्होंने इसे ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह पूर्वोत्तर की यात्रा को “संघर्ष से समृद्धि” तक दर्शाता है।

शाह ने डेरगांव स्थित लचित बरफुकन पुलिस अकादमी में बने National Cyber Forensic Laboratory – North East का भी वर्चुअल उद्घाटन किया। इसके साथ ही ITBP, SSB और Assam Rifles की कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया गया, जिनमें आवास परिसर, बैरक और अस्पताल शामिल हैं।

धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम

उद्घाटन से पहले शाह ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच राजभवन परिसर के मंदिर में पूजा की। उन्होंने Gau Pujan किया और Sindoor का पौधा लगाया। इस दौरान राज्यपाल लक्ष्मी प्रसाद आचार्य और मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने उनका स्वागत किया

अमित शाह के बयान ने भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक टकराव को और तीखा कर दिया है। राहुल गांधी से माफी की मांग ने इस विवाद को राष्ट्रीय स्तर पर बड़ा मुद्दा बना दिया है।

जहां भाजपा इसे वोट बैंक की राजनीति और “घुसपैठियों की सुरक्षा” से जोड़ रही है, वहीं कांग्रेस की ओर से अभी तक इस विवादित वीडियो पर कोई औपचारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।

शाह का संदेश साफ है – कांग्रेस की गालियां चाहे जितनी भी हों, लेकिन वे भाजपा के कमल  को रोक नहीं सकतीं।

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