होमKKN Specialपिता पुत्री के बीच भावनात्मक रिश्तो की अद्भूद मिशाल

पिता पुत्री के बीच भावनात्मक रिश्तो की अद्भूद मिशाल

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सच्चाई जानकर आपकी आँखो में आंसू आ जायेगा

यूरोप। इस फोटो को देखकर आप सबके मन मे तरह तरह के विचार आने लगे होंगे। यह लाजमी भी है। किंतु, इस फोटो की सच्चाई को जानकर आपकी आंखो मे आंसू आ जायेंगे…! दरअसल, यह फोटो यूरोप के एक पेंटर मुरीलो ने बनाया है! यूरोप के एक देश में एक आदमी को भूखे मरने की सजा दी गई थी और उसे एक जेल में बंद कर दिया गया था।
सजा ऐसी थी की जब तक उसकी मौत नही हो जाती, तब तक उसे भूखा रखा जायेगा। उसकी बेटी ने अपने पिता से मिलने के लिये सरकार से अनुरोध किया। सरकार ने उसकी अनुरोध को स्वीकार करके दिन में एक बार पिता से मिलने की अनुमति दे दी। किंतु, मिलने से पहले उसके शरीर की संपूर्ण तलाशी ली जाती थी। ताकि, वह कोई खाने का सामान अपने साथ नही ले जा सके। बेटी को अपने पिता की हालत देखी नही गयी और वह अपने पिता को जिंदा रखने के लिये अपना दूध पिलाने लगी। जब कई दिन बीत गये और वह बूढ़ा आदमी नही मरा तो पहरेदारों को शक हो गया और उन्होंने उस लड़की को अपने पिता को अपना दुध पिलाते रंगेहाथो पकड़ लिया। उस पर मुकदमा चला और सरकार ने कानून से हटकर भावनात्मक फैसला सुनाया। उन दोनो को रिहा कर दिया गया। ये पेंटिंग युरोप की सबसे महंगी पेंटिंग है। कहतें है कि नारी कोई भी रूप में हो, चाहे माँ हो या पत्नी हो, या फिर बहन या बेटी…हर रूप में वात्सल्य त्याग और ममता की मूरत ही होती है। दूसरे की पीड़ा को अपना बना कर औरो को प्रसन्न कर देना स्त्री की सहज प्रवृति माना जाता है। इसीलिए तो स्त्रियों को सर्वत्र पूज्यनीय माना जाता है।

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