KKN गुरुग्राम डेस्क | दक्षिण बिहार समेत उत्तर-मध्य और उत्तर-पश्चिम जिलों में अधिक आर्द्रता से बेचैनी भरी गर्मी पटना सहित कई जिलों में देर रात आई बारिश से अस्थायी राहत किशनगंज, अररिया और सुपौल में वज्रपात और तेज हवा को लेकर येलो अलर्ट शुक्रवार से रविवार के बीच तापमान में 2-3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट की संभावना उच्च आर्द्रता के कारण तापमान का एहसास 50 डिग्री सेल्सियस तक
पटना सहित राज्य में उमस भरी गर्मी ने बढ़ाई परेशानी
सोमवार को बिहार के अधिकांश हिस्सों में लोगों को गर्मी और अधिक आर्द्रता के कारण भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। पटना में दिनभर चुभती धूप और पसीने से तर माहौल ने आमजन को बेहाल कर दिया।
वास्तविक तापमान भले ही 39 डिग्री सेल्सियस रहा, लेकिन आर्द्रता 90 प्रतिशत तक पहुंचने के कारण तापमान का अनुभव 50 डिग्री सेल्सियस जैसा हुआ। यह स्थिति खासकर बुजुर्गों, बच्चों और बाहर काम करने वाले श्रमिकों के लिए खतरनाक बन गई।
देर रात बारिश से मिली थोड़ी राहत
हालांकि सोमवार रात 11:30 बजे के बाद आई तेज हवा और हल्की बारिश ने राजधानी पटना सहित आसपास के क्षेत्रों में थोड़ी राहत जरूर दी। बारिश की वजह से कुछ घंटों के लिए तापमान में गिरावट आई, लेकिन अगले दिन फिर से उमस ने वापसी कर ली।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, यह बारिश स्थानीय प्रभाव के कारण हुई है और फिलहाल इसका कोई स्थायी प्रभाव नहीं रहेगा।
राज्य में तापमान और आर्द्रता का हाल
सोमवार को पटना का अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 29.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। जबकि आर्द्रता की मात्रा 51 प्रतिशत बनी रही, जिससे लोगों को अधिक ताप का अनुभव हुआ।
अन्य जिलों में:
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मोतिहारी राज्य का सबसे गर्म शहर रहा, जहां 41 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया
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मधेपुरा सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 24.1 डिग्री सेल्सियस रहा
मौसम विभाग ने जारी किया येलो अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मंगलवार को किशनगंज, अररिया और सुपौल जिलों के लिए वज्रपात और तेज हवा (30–40 किमी/घंटा) को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है।
लोगों को सलाह दी गई है कि:
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आकाशीय बिजली के समय खुले मैदान में न रहें
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पेड़ों, बिजली के खंभों और मोबाइल टावर से दूरी बनाएं
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जरूरत न हो तो घर से बाहर न निकलें
यह चेतावनी इसलिए भी अहम है क्योंकि बिहार में हर साल दर्जनों मौतें वज्रपात के कारण होती हैं, खासकर मानसून से पहले के मौसम में।
आगामी सप्ताह का मौसम पूर्वानुमान
मंगलवार (13 मई) का मौसम:
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आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे
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दिन में कुछ समय के लिए तेज धूप
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आर्द्रता बनी रहेगी, जिससे उमस में कमी नहीं आएगी
मध्यम अवधि का पूर्वानुमान (14-16 मई):
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मौसम शुष्क बना रहेगा
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कहीं-कहीं हल्की बौछार की संभावना
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अधिकतम तापमान 38-40 डिग्री के आसपास रह सकता है
शुक्रवार से रविवार (17-19 मई):
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तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट
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कुछ हिस्सों में हल्की बारिश की संभावना
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आर्द्रता में थोड़ी कमी आ सकती है, जिससे राहत महसूस होगी
गर्मी और आर्द्रता का स्वास्थ्य पर प्रभाव
तेज धूप और उच्च आर्द्रता के चलते हीट इंडेक्स में बढ़ोतरी हो रही है, जिससे लोगों को वास्तविक तापमान से कहीं अधिक गर्मी का अनुभव हो रहा है। इस स्थिति में निम्न स्वास्थ्य समस्याएं देखने को मिल रही हैं:
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हीट स्ट्रोक और डिहाइड्रेशन
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थकान और चक्कर आना
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बुजुर्गों और बच्चों में कमजोरी की शिकायत
सावधानियां:
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दिन के समय 12 से 4 बजे के बीच घर से न निकलें
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पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स का सेवन बढ़ाएं
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हल्के और ढीले कपड़े पहनें
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धूप में जाते समय छाता या टोपी का उपयोग करें
क्यों बढ़ रही है बिहार में गर्मी और उमस?
बिहार में गर्मी का यह हाल केवल मौसमी नहीं बल्कि जलवायु परिवर्तन का परिणाम भी है। विशेषज्ञ मानते हैं कि:
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मानसून के विलंब से पहले की गर्मी लंबी होती जा रही है
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शहरीकरण और कंक्रीट संरचनाओं से “अर्बन हीट आइलैंड” प्रभाव बढ़ रहा है
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प्री-मानसून वर्षा में कमी से वातावरण में नमी और तापमान दोनों बढ़ रहे हैं
बिहार के कौन-कौन से जिले हैं संवेदनशील स्थिति में?
मौसम विभाग ने कुछ जिलों की स्थिति पर विशेष नजर रखने की सलाह दी है, इनमें शामिल हैं:
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पटना
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गया
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किशनगंज
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अररिया
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सुपौल
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समस्तीपुर
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मुजफ्फरपुर
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वैशाली
इन जिलों में तेज गर्मी के साथ वज्रपात की घटनाएं संभावित हैं
बिहार के मौसम में फिलहाल तत्काल राहत की कोई स्थायी उम्मीद नहीं है। शुक्रवार से हल्की गिरावट आने की संभावना है, लेकिन उमस और गर्मी का सिलसिला फिलहाल जारी रहेगा।
राज्य सरकार और आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और मौसम से जुड़ी अपडेट्स पर नजर बनाए रखने की अपील की है।
