बिहार लोक सेवा आयोग की BPSC 71st Prelims Exam 2025 का आयोजन 13 सितंबर को होने जा रहा है। यह परीक्षा एक ही शिफ्ट में दोपहर 12 बजे से 2 बजे तक आयोजित की जाएगी। आयोग ने उम्मीदवारों को सलाह दी है कि वे परीक्षा केंद्र पर समय से काफी पहले पहुंचें ताकि किसी भी तरह की परेशानी से बचा जा सके।
परीक्षा केंद्र पर प्रवेश सुबह 9:30 बजे से शुरू होगा लेकिन गेट 11 बजे के बाद बंद कर दिए जाएंगे। यानी, 11 बजे के बाद कोई भी उम्मीदवार अंदर प्रवेश नहीं कर पाएगा। इस बार आयोग ने साफ कहा है कि देरी की बिल्कुल भी अनुमति नहीं दी जाएगी।
परीक्षा का पैमाना और रिक्तियां
71वीं प्रारंभिक परीक्षा में इस बार 1298 पदों पर भर्ती होनी है। इसमें 100 पद Senior Deputy Collector के लिए, 14 पद DSP के लिए, 79 पद FAO के लिए और 502 पद Block Cooperative Officer के लिए शामिल हैं।
इस परीक्षा में लगभग 4 लाख 70 हजार 528 उम्मीदवार शामिल होंगे। इतने बड़े पैमाने पर परीक्षा होने के कारण आयोग ने सख्त नियम और दिशानिर्देश जारी किए हैं ताकि परीक्षा प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी रहे।
गेट बंद होने का सख्त नियम
आयोग ने इस बार गेट बंद होने के नियम पर जोर दिया है। परीक्षा 12 बजे शुरू होगी, लेकिन 11 बजे के बाद किसी भी हाल में प्रवेश नहीं मिलेगा। परीक्षा नियंत्रक ने कहा है कि कुछ उम्मीदवार अक्सर 11:02 पर पहुंचने की कोशिश करते हैं, लेकिन इस बार किसी को भी गेट बंद होने के बाद प्रवेश नहीं दिया जाएगा।
उम्मीदवारों को सलाह दी गई है कि वे यात्रा की योजना समय से पहले बनाएँ और ट्रैफिक या अन्य कारणों से होने वाली देरी से बचें।
परीक्षा में साथ लाने वाले जरूरी दस्तावेज
बीपीएससी ने स्पष्ट किया है कि उम्मीदवारों को परीक्षा केंद्र पर Admit Card की दो प्रतियां लेकर आना अनिवार्य है। एक प्रति उम्मीदवार को परीक्षा कक्ष में हस्ताक्षर करने के बाद परीक्षक को सौंपनी होगी।
साथ ही, Admit Card में जिस पहचान पत्र (Photo ID) का उल्लेख किया गया है, वही पहचान पत्र भी साथ लाना अनिवार्य है। यह आधार कार्ड, पैन कार्ड या ड्राइविंग लाइसेंस हो सकता है।
उम्मीदवार यह सुनिश्चित कर लें कि उनके Admit Card पर छपा बारकोड और रोल नंबर साफ और स्पष्ट दिख रहा हो।
परीक्षा केंद्र में प्रतिबंधित वस्तुएं
बीपीएससी ने परीक्षा केंद्र पर कुछ वस्तुओं को पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया है। इनमें मोबाइल फोन, ब्लूटूथ, वाई-फाई डिवाइस, स्मार्ट वॉच, पेजर और इलेक्ट्रॉनिक पेन शामिल हैं।
साधारण स्टेशनरी जैसे मार्कर, वाइट फ्लूड, ब्लेड और इरेज़र भी परीक्षा हॉल में ले जाना वर्जित है। यदि किसी उम्मीदवार के पास ये सामग्री पाई जाती है तो इसे कदाचार माना जाएगा और सख्त कार्रवाई की जाएगी।
नेगेटिव मार्किंग का नियम
71वीं प्रारंभिक परीक्षा में Negative Marking लागू होगी। प्रत्येक गलत उत्तर पर एक तिहाई अंक काट लिए जाएंगे।
यदि कोई उम्मीदवार उत्तर बदलने के लिए वाइट फ्लूड, मार्कर या इरेज़र का प्रयोग करता है तो उसे एक से अधिक उत्तर माना जाएगा और उस पर भी नेगेटिव मार्किंग लागू होगी। इसलिए उम्मीदवारों को सलाह दी गई है कि वे सोच-समझकर उत्तर दें और अनुमान पर ज्यादा निर्भर न करें।
आपत्ति दर्ज करने का प्रावधान
यदि किसी उम्मीदवार को प्रश्न पत्र या परीक्षा प्रक्रिया में गड़बड़ी लगती है तो वे परीक्षा समाप्त होने के 48 घंटे के भीतर आपत्ति दर्ज करा सकते हैं। इसके लिए उम्मीदवारों को शपथपत्र (Affidavit) अपलोड करना होगा।
आयोग ने आश्वासन दिया है कि ऐसी शिकायतों की जांच 72 घंटे के भीतर की जाएगी। यह कदम पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।
जिनके फोटो और हस्ताक्षर स्पष्ट नहीं
कुछ उम्मीदवारों के आवेदन पत्र में अपलोड किए गए फोटो और हस्ताक्षर साफ दिखाई नहीं दे रहे हैं। ऐसे उम्मीदवारों को विशेष दस्तावेज परीक्षा केंद्र पर जमा करने होंगे।
उन्हें आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध घोषणा पत्र भरना होगा और उस पर किसी राजपत्रित अधिकारी से प्रमाणित रंगीन फोटो चिपकाना होगा। इस घोषणा पत्र पर उम्मीदवार को हिंदी और अंग्रेजी दोनों में हस्ताक्षर करने होंगे।
उम्मीदवार को दो रंगीन पासपोर्ट साइज फोटो भी साथ लानी होगी। एक फोटो Admit Card पर चिपकाना होगा और दूसरा फोटो परीक्षा केंद्र पर पर्यवेक्षक को देना होगा। इसके अलावा वैध पहचान पत्र जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड या ड्राइविंग लाइसेंस लाना अनिवार्य होगा।
कदाचार पर सख्त कार्रवाई
बीपीएससी ने कदाचार के मामलों में सख्त रुख अपनाया है। परीक्षा कक्ष में इलेक्ट्रॉनिक सामग्री पाई जाने या किसी भी प्रकार की नकल की कोशिश पर उम्मीदवार को कड़ी सजा दी जाएगी।
ऐसे उम्मीदवार को न केवल इस परीक्षा से बल्कि अगले 5 वर्षों तक बीपीएससी की सभी परीक्षाओं से प्रतिबंधित कर दिया जाएगा। वहीं, परीक्षा से संबंधित अफवाह फैलाने वाले उम्मीदवार को 3 साल का बैन झेलना पड़ेगा।
यह कार्रवाई बिहार लोक परीक्षा (अनुचित साधन निवारण) अधिनियम 2024 के तहत की जाएगी।
परीक्षा समाप्ति के बाद का नियम
परीक्षा खत्म होने के तुरंत बाद उम्मीदवारों को परीक्षा कक्ष या परिसर छोड़ने की अनुमति नहीं होगी। उन्हें तभी बाहर जाने दिया जाएगा जब परीक्षक आदेश देंगे।
यह नियम परीक्षा केंद्र की व्यवस्था बनाए रखने के लिए लागू किया गया है।
परीक्षा पैटर्न
बीपीएससी की प्रारंभिक परीक्षा वस्तुनिष्ठ प्रकार की होगी। इसमें केवल एक पेपर होगा जो सामान्य अध्ययन (General Studies) पर आधारित होगा। पेपर 150 अंकों का होगा।
प्रीlims में सफल उम्मीदवारों को Mains Exam और उसके बाद Interview के लिए बुलाया जाएगा। अंतिम चयन इन तीनों चरणों के प्रदर्शन पर आधारित होगा।
BPSC 71st Prelims Exam 2025 बिहार के लाखों उम्मीदवारों के लिए एक बड़ा अवसर है। लगभग पांच लाख उम्मीदवार 1298 पदों के लिए प्रतिस्पर्धा करेंगे।
इस परीक्षा में सफलता पाने के लिए न केवल ज्ञान बल्कि अनुशासन भी जरूरी है। समय पर परीक्षा केंद्र पहुँचना, सभी जरूरी दस्तावेज लाना, प्रतिबंधित वस्तुएं न ले जाना और प्रश्नों का उत्तर सोच-समझकर देना ही सफलता की कुंजी है।
प्रारंभिक परीक्षा तो केवल पहला चरण है। इसके बाद उम्मीदवारों को मुख्य परीक्षा और साक्षात्कार से गुजरना होगा। जो उम्मीदवार तैयारी के साथ नियमों का पालन करेंगे, वही इस प्रतियोगिता में आगे बढ़ पाएंगे और बिहार प्रशासनिक सेवा में अपनी जगह बना पाएंगे।
