पूर्व केंद्रीय मंत्री और कॉग्रेस के कद्दावर नेता एलपी शाही नही रहे

बिहार। बिहार के राजनीति के पुरोधा और वरिष्ठ कांग्रेस नेता व पूर्व केंद्रीय मंत्री 98 साल के एलपी शाही का निधन हो गया है। शनिवार को दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में उन्होंने आखरी सांस ली है।

उन्हें सीने में दर्द की शिकायत के बाद गुरुवार को एम्स में भर्ती कराया गया था। उनका पार्थिव शरीर शनिवार शाम को पटना पहुंच गया है। दिग्गज कांग्रेस नेता 1980 में जनता पार्टी के जय नारायण प्रसाद को हराकर बिहार से विधायक बने थे। वह 1984 में मुजफ्फरपुर से सांसद बने और बाद में उन्होंने शिक्षा एवं संस्कृति मंत्री के रूप में काम किया।
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने ललितेश्वर प्रसाद शाही के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी कमी पार्टी के सभी नेताओं को खलेगी। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी शाही के निधन पर शोक व्यक्त किया और कहा, शाही के निधन के साथ समाज ने एक महान नेता और सामाजिक कार्यकतार् खो दिया है। यह राजनीति और समाज के लिए एक अपूरणीय क्षति है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी प्रसाद यादव ने शोक जताते हुए कहा कि शाही जी जुझारू सामाजिक एवं राजनीतिक कार्यकर्ता एवम कर्मठ राज्य नेता थे।